المؤمنون
Al-Mu'minun
Have Attained Success
بسم الله الرحمن الرحيم
ईश्वर के नाम से, जो सर्वदयालु, दयालु है।
विश्वास करने वाले सफल हो गए,
قد افلح المومنون
जो अपने संपर्क में विनीत हैं,
الذين هم في صلاتهم خشعون
और जो तुच्छ बातों से कतराते हैं,
والذين هم عن اللغو معرضون
और जो शुद्ध उदारता देते हैं,
والذين هم للزكوه فعلون
और जो अपने शील की रक्षा करते हैं, अपने जोड़ीदारों या शपथ से बँधे हुओं को छोड़कर — तब वे दोषारोपित नहीं हैं;
والذين هم لفروجهم حفظون الا علي ازوجهم او ما ملكت ايمنهم فانهم غير ملومين
जो कोई इससे परे कुछ खोजता है, वही सीमाएँ पार करने वाले हैं।
فمن ابتغي ورا ذلك فاوليك هم العادون
और जो अपनी धरोहरों और अपनी संधि के प्रति सजग हैं,
والذين هم لامنتهم وعهدهم رعون
और जो अपने संपर्कों की निरंतर रक्षा करते हैं — वही विरासत पाने वाले हैं, जो फ़िरदौस की विरासत पाएँगे,
والذين هم علي صلوتهم يحافظون اوليك هم الورثون الذين يرثون الفردوس
उसमें सदा रहते हुए।
هم فيها خلدون
हमने निश्चय ही मनुष्य को चिकनी मिट्टी के एक सार से रचा,
ولقد خلقنا الانسن من سلله من طين
फिर हमने उसे एक सुरक्षित और स्थिर स्थान में एक बूँद बनाया,
ثم جعلنه نطفه في قرار مكين
फिर हमने बूँद से एक चिपकाव रचा, फिर चिपकाव से एक भ्रूण रचा, फिर भ्रूण से हड्डियाँ रचीं, फिर हड्डियों को मांस पहनाया, फिर हमने उसे एक भिन्न रचना के रूप में उत्पन्न किया।
ثم خلقنا النطفه علقه فخلقنا العلقه مضغه فخلقنا المضغه عظما فكسونا العظم لحما ثم انشانه خلقا اخر
आशीषमय है ईश्वर, रचने वालों में सबसे सुंदर!
فتبارك الله احسن الخلقين
फिर, इसके बाद, तुम अवश्य मरने वाले हो,
ثم انكم بعد ذلك لميتون
फिर पेशी के दिन तुम निश्चय ही उठाए जाओगे।
ثم انكم يوم القيمه تبعثون
हमने निश्चय ही तुम्हारे ऊपर सात रास्ते रचे,
ولقد خلقنا فوقكم سبع طرايق
और हम रचना से कभी लापरवाह नहीं रहे।
وما كنا عن الخلق غفلين
और हमने आकाश से एक माप के अनुसार पानी उतारा, और उसे धरती में बसाया —
وانزلنا من السما ما بقدر فاسكنه في الارض
और हम अवश्य उसे हटा देने में सामर्थ्यवान हैं।
وانا علي ذهاب به لقدرون
इस प्रकार हमने उसके द्वारा तुम्हारे लिए खजूरों और अंगूरों के उद्यान उत्पन्न किए, जिनमें तुम्हारे लिए प्रचुर स्वाद हैं और जिनसे तुम खाते हो, और एक पेड़ जो सिनाई पर्वत से निकलता है, जो तेल और खाने वालों के लिए एक मसाले के साथ उगता है।
فانشانا لكم به جنت من نخيل واعنب لكم فيها فوكه كثيره ومنها تاكلون وشجره تخرج من طور سينا تنبت بالدهن وصبغ للاكلين
और पशुधन में तुम्हारे लिए अवश्य एक सीख है:
وان لكم في الانعم لعبره
हम तुम्हें वह पिलाते हैं जो उनके पेटों में है,
نسقيكم مما في بطونها
और उनमें तुम्हारे लिए बहुत-से लाभ हैं, और तुम उनमें से खाते हो, और उन पर तथा जलयानों पर तुम ढोए जाते हो।
ولكم فيها منفع كثيره ومنها تاكلون وعليها وعلي الفلك تحملون
हमने निश्चय ही नूह को उसकी क़ौम की ओर भेजा, और उसने कहा: “हे मेरी क़ौम! ईश्वर की आज्ञा का पालन करो: उसके सिवा तुम्हारे लिए कोई और देवता नहीं।
ولقد ارسلنا نوحا الي قومه فقال يقوم اعبدوا الله ما لكم من اله غيره
तो क्या तुम सावधान नहीं रहते?”
افلا تتقون
तब उसकी क़ौम के उस दरबार ने, जो नकारता था, कहा: “यह तो बस तुम्हारे जैसा एक मानव है, जो तुम पर अपनी श्रेष्ठता पाना चाहता है; यदि ईश्वर की मर्ज़ी होती तो वह अभिकर्ताओं को उतार देता; हमने यह अपने पहले पूर्वजों में नहीं सुना। वह तो बस एक ऐसा पुरुष है जो विक्षिप्तता से ग्रस्त है — तो कुछ समय तक उसके विषय में प्रतीक्षा में रहो।”
فقال الملوا الذين كفروا من قومه ما هذا الا بشر مثلكم يريد ان يتفضل عليكم ولو شا الله لانزل مليكه ما سمعنا بهذا في اباينا الاولين ان هو الا رجل به جنه فتربصوا به حتي حين
उसने कहा: “मेरे अभिभावक, आप मेरी सहायता कीजिए, क्योंकि उन्होंने मुझे झुठलाया है।”
قال رب انصرني بما كذبون
तब हमने उस पर प्रकट किया: “हमारी आँखों के सामने और हमारे प्रकटीकरण के अनुसार जलयान बनाओ।
فاوحينا اليه ان اصنع الفلك باعيننا ووحينا
फिर जब हमारा आदेश आ जाए और तंदूर उबल पड़े, तो उसमें हर चीज़ में से एक जोड़े के दो तत्त्व सवार कर लो, और अपने परिवार को भी, उनमें से उसके सिवा जिस पर पहले का कथन भारी पड़ चुका है;
فاذا جا امرنا وفار التنور فاسلك فيها من كل زوجين اثنين واهلك الا من سبق عليه القول منهم
और जिन्होंने अन्याय किया है उनके विषय में मुझे संबोधित मत करो, क्योंकि वे डुबो दिए जाएँगे।
ولا تخطبني في الذين ظلموا انهم مغرقون
और जब तुम और जो तुम्हारे साथ हैं जलयान में स्थिर हो जाओ, तो कहो: ‘प्रशंसा ईश्वर के लिए है, जिसने हमें अन्यायियों की क़ौम से उबारा।’
فاذا استويت انت ومن معك علي الفلك فقل الحمد لله الذي نجينا من القوم الظلمين
और कहो: ‘मेरे अभिभावक, आप मुझे एक आशीषित आतिथ्य-स्थान में उतारिए, क्योंकि आप मेज़बानों में सबसे बेहतर हैं।’”
وقل رب انزلني منزلا مباركا وانت خير المنزلين
इसमें अवश्य संकेत हैं,
ان في ذلك لايت
और हम अवश्य परखने वाले थे।
وان كنا لمبتلين
फिर हमने उनके बाद एक और पीढ़ी उत्पन्न की, और उनके बीच उन्हीं में से एक संदेशवाहक भेजा: “ईश्वर की आज्ञा का पालन करो: उसके सिवा तुम्हारे लिए कोई और देवता नहीं।
ثم انشانا من بعدهم قرنا اخرين فارسلنا فيهم رسولا منهم ان اعبدوا الله ما لكم من اله غيره
तो क्या तुम सावधान नहीं रहते?”
افلا تتقون
और उसकी क़ौम के उस दरबार ने, जिसने नकारा और अंतिम जीवन के मिलन को झुठलाया, और जिसे हमने इहलोक के जीवन में ऐश्वर्य दिया था, कहा: “यह तो बस तुम्हारे जैसा एक मानव है, जो उसमें से खाता है जिसमें से तुम खाते हो और उसमें से पीता है जिसमें से तुम पीते हो; और यदि तुम अपने जैसे एक मानव की बात मानोगे, तो तब तुम अवश्य घाटा उठाने वाले होगे। क्या वह तुमसे वादा करता है कि जब तुम मर जाओगे और मिट्टी और हड्डियाँ बन जाओगे, तब तुम निकाले जाओगे? दूर, बहुत दूर, वह जिसका तुमसे वादा किया जा रहा है! हमारे इहलोक के जीवन के सिवा कुछ नहीं, हम मरते हैं और हम जीते हैं, और हम उठाए नहीं जाएँगे! वह तो बस एक ऐसा पुरुष है जिसने ईश्वर पर झूठ गढ़ा है, और हम उस पर भरोसा नहीं करेंगे।”
وقال الملا من قومه الذين كفروا وكذبوا بلقا الاخره واترفنهم في الحيوه الدنيا ما هذا الا بشر مثلكم ياكل مما تاكلون منه ويشرب مما تشربون ولين اطعتم بشرا مثلكم انكم اذا لخسرون ايعدكم انكم اذا متم وكنتم ترابا وعظما انكم مخرجون هيهات هيهات لما توعدون ان هي الا حياتنا الدنيا نموت ونحيا وما نحن بمبعوثين ان هو الا رجل افتري علي الله كذبا وما نحن له بمومنين
उसने कहा: “मेरे अभिभावक, आप मेरी सहायता कीजिए, क्योंकि उन्होंने मुझे झुठलाया है।”
قال رب انصرني بما كذبون
उसने कहा: “थोड़ी ही देर और, और वे अवश्य पछतावे से भरे होंगे।”
قال عما قليل ليصبحن ندمين
तब पूर्ण सत्य के साथ चीख़ ने उन्हें पकड़ लिया, और हमने उन्हें तिनके बना दिया।
فاخذتهم الصيحه بالحق فجعلنهم غثا
तो दूर हो अन्यायियों की क़ौम!
فبعدا للقوم الظلمين
फिर हमने उनके बाद दूसरी पीढ़ियाँ उत्पन्न कीं।
ثم انشانا من بعدهم قرونا اخرين
कोई समुदाय न अपनी अवधि से आगे निकलता है, न उसे पीछे करता है।
ما تسبق من امه اجلها وما يستخرون
फिर हमने अपने संदेशवाहक भेजे, एक के बाद एक।
ثم ارسلنا رسلنا تترا
जब-जब कोई संदेशवाहक किसी समुदाय के पास आया, उसने उसे झुठलाया;
كل ما جا امه رسولها كذبوه
तो हमने उन्हें एक-दूसरे के पीछे चलाया, और हमने उन्हें चर्चा के विषय बना दिया।
فاتبعنا بعضهم بعضا وجعلنهم احاديث
तो दूर हो एक क़ौम जो विश्वास नहीं करती!
فبعدا لقوم لا يومنون
फिर हमने मूसा और उसके भाई हारून को, हमारे संकेतों और एक स्पष्ट अधिकार के साथ, फ़िरऔन और उसके दरबार की ओर भेजा; पर वे घमंड से फूल गए और एक उद्धत क़ौम हो गए,
ثم ارسلنا موسي واخاه هرون بايتنا وسلطن مبين الي فرعون وملايه فاستكبروا وكانوا قوما عالين
और उन्होंने कहा: “क्या हम अपने जैसे दो मानवों पर भरोसा करें, जबकि उनकी क़ौम हमारी आज्ञा का पालन करती है?”
فقالوا انومن لبشرين مثلنا وقومهما لنا عبدون
उन्होंने उन्हें झुठलाया, और इस प्रकार वे नष्ट किए जाने वालों में से हो गए।
فكذبوهما فكانوا من المهلكين
हमने निश्चय ही मूसा को ग्रंथ दिया, शायद वे मार्गदर्शन पा जाएँ।
ولقد اتينا موسي الكتب لعلهم يهتدون
और हमने मरयम के पुत्र और उसकी माता को एक संकेत बनाया,
وجعلنا ابن مريم وامه ايه
और हमने उन्हें एक ऐसी ऊँचाई पर शरण दी जो स्थिरता और सोते के पानी वाली थी।
واوينهما الي ربوه ذات قرار ومعين
हे संदेशवाहको, अच्छी चीज़ें खाओ और एक भला कर्म करो,
يايها الرسل كلوا من الطيبت واعملوا صلحا
क्योंकि जो तुम करते हो उसके विषय में मैं सर्वज्ञ हूँ।
اني بما تعملون عليم
और तुम्हारा यह समुदाय निश्चय ही एक ही समुदाय है,
وان هذه امتكم امه وحده
और मैं तुम्हारा अभिभावक हूँ: तो मेरे प्रति सावधान रहो।
وانا ربكم فاتقون
पर उन्होंने अपना मामला आपस में बाँट दिया, टुकड़े-टुकड़े करके,
فتقطعوا امرهم بينهم زبرا
हर दल उससे हर्षित होकर जो उसके पास है।
كل حزب بما لديهم فرحون
तो उन्हें उनके गर्त में छोड़ दो, कुछ समय के लिए।
فذرهم في غمرتهم حتي حين
क्या वे समझते हैं कि उन्हें संपत्ति और पुत्र देकर हम उनके लिए अच्छाई में शीघ्रता कर रहे हैं?
ايحسبون انما نمدهم به من مال وبنين نسارع لهم في الخيرت
नहीं, उन्हें इसका आभास नहीं।
بل لا يشعرون
जो अपने अभिभावक का भय मानते हुए आशंका से भरे हैं, और जो अपने अभिभावक के संकेतों पर विश्वास करते हैं, और जो अपने अभिभावक के साथ किसी को साझी नहीं ठहराते, और जो देते हैं जो वे देते हैं, उनका मर्म इस कारण काँपता है कि वे अपने अभिभावक की ओर लौटते हैं — वही अच्छाई में शीघ्रता करते हैं,
ان الذين هم من خشيه ربهم مشفقون والذين هم بايت ربهم يومنون والذين هم بربهم لا يشركون والذين يوتون ما اتوا وقلوبهم وجله انهم الي ربهم رجعون اوليك يسرعون في الخيرت
और वही हैं जो उसमें सबसे आगे रहते हैं।
وهم لها سبقون
और हम किसी स्व पर केवल उसकी क्षमता ही डालते हैं,
ولا نكلف نفسا الا وسعها
और हमारे पास एक बही है जो सत्य का उच्चारण करती है, और उन पर अन्याय नहीं किया जाएगा।
ولدينا كتب ينطق بالحق وهم لا يظلمون
पर इस विषय में उनका मर्म गर्त में है,
بل قلوبهم في غمره من هذا
और इसके अलावा उनके कुछ कर्म हैं
ولهم اعمل من دون ذلك
जिन्हें वे करते रहेंगे —
هم لها عملون
यहाँ तक कि जब हम उनके ऐश्वर्यशालियों को दंड से पकड़ेंगे: तब देखो, वे व्याकुलता से चीख़ रहे हैं।
حتي اذا اخذنا مترفيهم بالعذاب اذا هم يجرون
आज मत चीख़ो,
لا تجروا اليوم
क्योंकि हमारी ओर से तुम्हारी सहायता नहीं की जाएगी।
انكم منا لا تنصرون
मेरे संकेत तुम्हें सुनाए जाते थे, और तुम अपनी एड़ियों के बल पीछे हट जाते थे, उनके विषय में घमंड से फूलते हुए,
قد كانت ايتي تتلي عليكم فكنتم علي اعقبكم تنكصون مستكبرين به
रात में वार्तालाप करते हुए, तुम अभद्र कथन कहते थे।
سمرا تهجرون
क्या उन्होंने उस कथन पर मनन नहीं किया, या उनके पास वह आ गया जो उनके पहले पूर्वजों के पास नहीं आया था?
افلم يدبروا القول ام جاهم ما لم يات اباهم الاولين
या उन्होंने अपने संदेशवाहक को नहीं पहचाना, यहाँ तक कि वे उसे अमान्य करते हैं?
ام لم يعرفوا رسولهم فهم له منكرون
या वे कहते हैं कि वह विक्षिप्तता से ग्रस्त है?
ام يقولون به جنه
नहीं, वह उनके पास सत्य के साथ आया है,
بل جاهم بالحق
पर उनमें से अधिकतर सत्य से अरुचि रखते हैं।
واكثرهم للحق كرهون
और यदि सत्य उनकी भावनाओं का अनुसरण करता, तो आकाशों, धरती और जो उनमें हैं, सब बिगड़ जाते।
ولو اتبع الحق اهواهم لفسدت السموت والارض ومن فيهن
नहीं, हम उनके पास उनके अपने स्मरण के साथ आए हैं,
بل اتينهم بذكرهم
पर वे अपने स्मरण से कतराते हैं।
فهم عن ذكرهم معرضون
या तुम उनसे कोई कर माँगते हो?
ام تسلهم خرجا
तुम्हारे अभिभावक का कर कहीं बेहतर है,
فخراج ربك خير
और वह जीविका देने वालों में सबसे बेहतर है।
وهو خير الرزقين
और तुम, तुम अवश्य उन्हें सीधे पथ की ओर बुलाते हो;
وانك لتدعوهم الي صرط مستقيم
पर जो अंतिम जीवन में विश्वास नहीं करते वे अवश्य उस पथ से हट जाते हैं।
وان الذين لا يومنون بالاخره عن الصرط لنكبون
और यदि हम उन पर दया करें और उन्हें उस हानि से राहत दें जो उन्हें पहुँची है, तो वे अपनी मर्यादाहीनता में धँसे रहेंगे, टटोलते हुए।
ولو رحمنهم وكشفنا ما بهم من ضر للجوا في طغينهم يعمهون
हमने निश्चय ही उन्हें दंड से पकड़ा, और वे अपने अभिभावक के सामने झुके नहीं, और उन्होंने गिड़गिड़ाया नहीं,
ولقد اخذنهم بالعذاب فما استكانوا لربهم وما يتضرعون
यहाँ तक कि जब हम उन पर कठोर दंड का एक द्वार खोलेंगे: तब देखो, वे निराश हैं।
حتي اذا فتحنا عليهم بابا ذا عذاب شديد اذا هم فيه مبلسون
और वही है जिसने तुम्हारे लिए श्रवण, दृष्टियाँ और चेतनाएँ उत्पन्न कीं।
وهو الذي انشا لكم السمع والابصر والافده
तुम कितने कम कृतज्ञ हो!
قليلا ما تشكرون
और वही है जिसने तुम्हें धरती पर बिखेरा, और उसी की ओर तुम इकट्ठा किए जाओगे।
وهو الذي ذراكم في الارض واليه تحشرون
और वही है जो जीवन देता है और मृत्यु देता है,
وهو الذي يحي ويميت
और रात और दिन की अदला-बदली उसी की है।
وله اختلف اليل والنهار
तो क्या तुम बुद्धि से काम नहीं लेते?
افلا تعقلون
बल्कि उन्होंने वही कहा जो पहले वाले कहते थे; उन्होंने कहा: “जब हम मर जाएँगे और मिट्टी और हड्डियाँ बन जाएँगे, तो क्या हम सचमुच उठाए जाएँगे?
بل قالوا مثل ما قال الاولون قالوا اذا متنا وكنا ترابا وعظما انا لمبعوثون
हमसे और हमारे पूर्वजों से निश्चय ही यह वादा पहले भी किया गया है;
لقد وعدنا نحن واباونا هذا من قبل
ये तो बस प्राचीनों की दंतकथाएँ हैं।”
ان هذا الا اسطير الاولين
कहो: “धरती और जो उसमें हैं, वे किसके हैं, यदि तुम जानते हो?” वे कहेंगे: “ईश्वर के।”
قل لمن الارض ومن فيها ان كنتم تعلمون سيقولون لله
कहो: “तो क्या तुम स्मरण नहीं करते?”
قل افلا تذكرون
कहो: “सात आकाशों का अभिभावक और विशाल भवन का अभिभावक कौन है?”
قل من رب السموت السبع ورب العرش العظيم
वे कहेंगे: “ईश्वर का।”
سيقولون لله
कहो: “तो क्या तुम सावधान नहीं रहते?”
قل افلا تتقون
कहो: “हर चीज़ का सर्वोच्च राजत्व किसके हाथ में है, जो शरण देता है, और जिसके विरुद्ध कोई शरण नहीं पा सकता, यदि तुम जानते हो?” वे कहेंगे: “ईश्वर का।”
قل من بيده ملكوت كل شي وهو يجير ولا يجار عليه ان كنتم تعلمون سيقولون لله
कहो: “तो फिर तुम भ्रम द्वारा कैसे ठगे जा रहे हो?”
قل فاني تسحرون
नहीं, हम उनके पास सत्य के साथ आए हैं,
بل اتينهم بالحق
और वे अवश्य झूठे हैं।
وانهم لكذبون
ईश्वर ने अपने लिए कोई संतान नहीं बनाई,
ما اتخذ الله من ولد
और उसके साथ कोई देवता नहीं था —
وما كان معه من اله
नहीं तो, हर देवता अपनी रची हुई चीज़ के साथ चला जाता, और कुछ दूसरों के ऊपर उठ जाते।
اذا لذهب كل اله بما خلق ولعلا بعضهم علي بعض
ईश्वर की महिमा हो, उससे कहीं ऊपर जो वे वर्णन करते हैं!
سبحن الله عما يصفون
वह, जो उसे जानता है जो इंद्रियों से परे है और जो साक्ष्य में है,
علم الغيب والشهده
वह उससे बहुत ऊपर है जिसे वे उसका साझी ठहराते हैं।
فتعلي عما يشركون
कहो: “मेरे अभिभावक, यदि आप मुझे वह दिखाएँ जिसका उनसे वादा किया जा रहा है, तो, मेरे अभिभावक, मुझे अन्यायियों की क़ौम में मत रखिए।”
قل رب اما تريني ما يوعدون رب فلا تجعلني في القوم الظلمين
और हम अवश्य तुम्हें वह दिखाने में सामर्थ्यवान हैं जिसका हम उनसे वादा करते हैं।
وانا علي ان نريك ما نعدهم لقدرون
बुराई को उससे हटाओ जो अधिक सुंदर है —
ادفع بالتي هي احسن السييه
जो वे वर्णन करते हैं उसे हम सबसे अच्छी तरह जानते हैं।
نحن اعلم بما يصفون
और कहो: “मेरे अभिभावक, मैं बहकाने वालों के उकसावों के विरुद्ध स्वयं को आपकी छत्रछाया में रखता हूँ, और मेरे अभिभावक, उनके मेरे पास उपस्थित होने के विरुद्ध भी मैं स्वयं को आपकी छत्रछाया में रखता हूँ।”
وقل رب اعوذ بك من همزت الشيطين واعوذ بك رب ان يحضرون
यहाँ तक कि जब उनमें से किसी के पास मृत्यु आती है, तो वह कहता है: “मेरे अभिभावक, मुझे लौटा दीजिए, शायद मैं उसमें जो मैंने छोड़ा है एक भला कर्म कर लूँ।” कदापि नहीं!
حتي اذا جا احدهم الموت قال رب ارجعون لعلي اعمل صلحا فيما تركت كلا
यह निश्चय ही एक बोल है जो वह कहता है,
انها كلمه هو قايلها
और उनके परे एक अवरोध है, उस दिन तक जब वे उठाए जाएँगे।
ومن ورايهم برزخ الي يوم يبعثون
फिर जब नरसिंगे में फूँका जाएगा, तो उस दिन उनके बीच वंश-संबंध नहीं रहेंगे, और वे एक-दूसरे से पूछताछ नहीं करेंगे।
فاذا نفخ في الصور فلا انساب بينهم يوميذ ولا يتسالون
जिनके तराज़ू भारी होंगे — वही सफल होने वाले हैं;
فمن ثقلت موزينه فاوليك هم المفلحون
और जिनके तराज़ू हल्के होंगे — वही हैं जिन्होंने अपने स्व को घाटे में डाल दिया, जहन्नम में सदा रहते हुए; आग उनके चेहरे झुलसा देगी, और वे उसमें मुँह बिगाड़े रहेंगे, होंठ सिकुड़े हुए।
ومن خفت موزينه فاوليك الذين خسروا انفسهم في جهنم خلدون تلفح وجوههم النار وهم فيها كلحون
क्या मेरे संकेत तुम्हें सुनाए नहीं जाते थे, और तुम उन्हें झुठलाते थे?
الم تكن ايتي تتلي عليكم فكنتم بها تكذبون
वे कहेंगे: “हमारे अभिभावक, हमारी दुर्दशा ने हमें परास्त कर दिया, और हम एक भटकी हुई क़ौम थे।
قالوا ربنا غلبت علينا شقوتنا وكنا قوما ضالين
हमारे अभिभावक, आप हमें यहाँ से निकाल दीजिए; यदि हम दोबारा वही करें, तो हम निश्चय ही अन्यायी होंगे।”
ربنا اخرجنا منها فان عدنا فانا ظلمون
वह कहेगा: “उसमें पड़े रहो, दुत्कारे हुए, और मुझसे फिर मत बोलो।”
قال اخسوا فيها ولا تكلمون
मेरे आज्ञाकारियों में से एक भाग था जो कहता था: “हमारे अभिभावक, हम विश्वास करते हैं; आप हमें क्षमा कीजिए और हम पर दया कीजिए, क्योंकि आप दया करने वालों में सबसे बेहतर हैं” — पर तुमने उन्हें उपहास का विषय बना लिया, यहाँ तक कि उन्होंने तुम्हें मेरा स्मरण भुला दिया, और तुम उन पर हँसते थे।
انه كان فريق من عبادي يقولون ربنا امنا فاغفر لنا وارحمنا وانت خير الرحمين فاتخذتموهم سخريا حتي انسوكم ذكري وكنتم منهم تضحكون
मैंने निश्चय ही आज उन्हें उनके धैर्य का प्रतिफल दिया है: वही विजयी हैं।
اني جزيتهم اليوم بما صبروا انهم هم الفايزون
वह कहेगा: “तुमने धरती पर कितने वर्ष बिताए?”
قل كم لبثتم في الارض عدد سنين
वे कहेंगे: “हमने एक दिन बिताया,
قالوا لبثنا يوما
या एक दिन का कुछ भाग; तो आप गिनने वालों से पूछ लीजिए।”
او بعض يوم فسل العادين
वह कहेगा: “तुमने केवल थोड़ा ही समय बिताया, काश तुम जानते।”
قل ان لبثتم الا قليلا لو انكم كنتم تعلمون
तो क्या तुमने समझा था कि हमने तुम्हें व्यर्थ रचा था, और तुम हमारी ओर लौटोगे नहीं?
افحسبتم انما خلقنكم عبثا وانكم الينا لا ترجعون
परम-उच्च हो ईश्वर, अधिराज, सत्य!
فتعلي الله الملك الحق
उसके सिवा कोई देवता नहीं,
لا اله الا هو
सम्मानित भवन का अभिभावक।
رب العرش الكريم
और जो कोई ईश्वर के साथ किसी अन्य देवता को पुकारता है, जिसके विषय में उसके पास कोई प्रमाण नहीं, उसका हिसाब केवल उसके अभिभावक के पास है,
ومن يدع مع الله الها اخر لا برهن له به فانما حسابه عند ربه
क्योंकि नकारने वाले सफलता नहीं पाते।
انه لا يفلح الكفرون
और कहो: “मेरे अभिभावक, आप क्षमा कीजिए और दया कीजिए, क्योंकि आप दया करने वालों में सबसे बेहतर हैं।”
وقل رب اغفر وارحم وانت خير الرحمين