هود
Hud
Stand Straight
بسم الله الرحمن الرحيم
ईश्वर के नाम से, जो सर्वदयालु, दयालु है।
अलिफ़. लाम. रा.
الر
एक ग्रंथ जिसके संकेत अखंडनीय बनाए गए, फिर विस्तृत किए गए, एक प्रज्ञावान, पूरी ख़बर रखने वाले की ओर से: “केवल ईश्वर की आज्ञा का पालन करो; मैं तुम्हारे लिए उसकी ओर से एक चेतावनी देने वाला और एक शुभ समाचार देने वाला हूँ; अपने अभिभावक से क्षमा माँगो, फिर उसकी ओर पलट आओ: वह तुम्हें एक नामित अवधि तक सुंदर उपभोग कराएगा, और वह हर अनुग्रह रखने वाले को उसका अनुग्रह देगा।
كتب احكمت ءايته ثم فصلت من لدن حكيم خبير الا تعبدوا الا الله انني لكم منه نذير وبشير وان استغفروا ربكم ثم توبوا اليه يمتعكم متعا حسنا الى اجل مسمى ويوت كل ذي فضل فضله
परंतु यदि तुम पीठ फेर लो, तो मैं तुम्हारे लिए एक बड़े दिन के दंड से निश्चय ही डरता हूँ।”
وان تولوا فاني اخاف عليكم عذاب يوم كبير
ईश्वर की ही ओर तुम्हारा लौटना है,
الى الله مرجعكم
और वह हर चीज़ का सामर्थ्य रखता है।
وهو على كل شىء قدير
क्या ऐसा नहीं है: वे अपने सीने निश्चय ही मोड़ते हैं ताकि उससे छिप जाएँ।
الا انهم يثنون صدورهم ليستخفوا منه
क्या ऐसा नहीं कि जब वे अपने वस्त्रों से स्वयं को ढकते हैं, तब वह जानता है जो वे गुप्त रखते हैं और जो वे उजागर करते हैं?
الا حين يستغشون ثيابهم يعلم ما يسرون وما يعلنون
वह सीनों के भीतर जो है उसके विषय में सर्वज्ञ है।
انه عليم بذات الصدور
धरती पर कोई चलने-फिरने वाला नहीं जिसकी जीविका ईश्वर के ज़िम्मे न हो; वह उसका विश्राम-स्थल और उसका जमा-स्थान जानता है:
وما من دابة في الارض الا على الله رزقها ويعلم مستقرها ومستودعها
सब कुछ एक स्पष्ट बही में है।
كل في كتب مبين
और वही है जिसने आकाशों और धरती को छह दिनों में रचा, जबकि उसका भवन पानी पर आधारित था, ताकि तुम्हें परखे कि तुममें से कौन सबसे अच्छा कर्म करता है।
وهو الذي خلق السموت والارض في ستة ايام وكان عرشه على الماء ليبلوكم ايكم احسن عملا
और यदि तुम कहो: “मृत्यु के बाद तुम उठाए जाओगे”, तो नकारने वाले अवश्य कहेंगे: “यह केवल एक स्पष्ट भ्रम है।”
ولين قلت انكم مبعوثون من بعد الموت ليقولن الذين كفروا ان هذا الا سحر مبين
और यदि हम उनसे दंड को एक गिने हुए समय तक पीछे कर दें, तो वे अवश्य कहेंगे: “उसे क्या रोके हुए है?”
ولين اخرنا عنهم العذاب الى امة معدودة ليقولن ما يحبسه
क्या ऐसा नहीं कि जिस दिन वह उनके पास आएगा, वह उनसे हटाया नहीं जाएगा,
الا يوم ياتيهم ليس مصروفا عنهم
और जिसका वे मज़ाक़ उड़ाते थे, वह उन्हें लपेट लेगा।
وحاق بهم ما كانوا به يستهزءون
और यदि हम मनुष्य को अपनी ओर से कोई दया चखाएँ, फिर उसे उससे वापस ले लें, तो वह अवश्य आशाहीन, बड़ा नकारने वाला हो जाता है।
ولين اذقنا الانسن منا رحمة ثم نزعنها منه انه ليوس كفور
और यदि हम उसे उस हानि के बाद जो उसे छू गई थी, कोई उपकार चखाएँ, तो वह अवश्य कहेगा: “बुरे कर्म मुझसे दूर चले गए”:
ولين اذقنه نعماء بعد ضراء مسته ليقولن ذهب السيات عني
वह अवश्य आनंदित, डींग हाँकने वाला है।
انه لفرح فخور
सिवा उनके जिन्होंने धैर्य रखा और भले कर्म किए: उन्हीं के लिए क्षमा और बड़ा पुरस्कार है।
الا الذين صبروا وعملوا الصلحت اوليك لهم مغفرة واجر كبير
शायद तुम उसका कुछ भाग त्याग दो जो तुम पर प्रकट किया जा रहा है, और तुम्हारा सीना उससे तंग हो जाएगा, इसलिए कि वे कहते हैं: “उस पर कोई कोष क्यों नहीं उतारा गया, या उसके साथ कोई अभिकर्ता क्यों नहीं आया!”
فلعلك تارك بعض ما يوحى اليك وضايق به صدرك ان يقولوا لولا انزل عليه كنز او جاء معه ملك
तुम तो केवल एक चेतावनी देने वाले हो;
انما انت نذير
और ईश्वर हर चीज़ पर मुख़्तार है।
والله على كل شىء وكيل
या वे कहेंगे: “उसने इसे गढ़ लिया है”?
ام يقولون افترىه
कहो: “तो इसके जैसी गढ़ी हुई दस सूराएँ ले आओ, और ईश्वर के अतिरिक्त जिन्हें बुला सको बुला लो, यदि तुम सच्चे हो।”
قل فاتوا بعشر سور مثله مفتريت وادعوا من استطعتم من دون الله ان كنتم صدقين
यदि वे तुम्हें उत्तर न दें, तो जान लो कि यह केवल ईश्वर के ज्ञान से उतारा गया है, और यह कि उसके सिवा कोई देवता नहीं।
فالم يستجيبوا لكم فاعلموا انما انزل بعلم الله وان لا اله الا هو
तो क्या तुम ईश्वर के प्रति खरे होगे?
فهل انتم مسلمون
जो कोई इहलोक का जीवन और उसका शृंगार चाहता है, हम उसके कर्मों का फल उसे इसी जीवन में पूरा देते हैं, और उसमें उसे वंचित नहीं किया जाएगा:
من كان يريد الحيوة الدنيا وزينتها نوف اليهم اعملهم فيها وهم فيها لا يبخسون
ये वे हैं जिनके लिए अंतिम जीवन में आग के सिवा कुछ नहीं;
اوليك الذين ليس لهم في الءاخرة الا النار
जो उन्होंने उसमें किया था वह ढह चुका होगा,
وحبط ما صنعوا فيها
और जो वे करते थे वह व्यर्थ होगा।
وبطل ما كانوا يعملون
क्या वह जो अपने अभिभावक की ओर से एक स्पष्ट प्रमाण पर आधारित है, और जिसके पीछे उसकी ओर से एक साक्षी आता है?
افمن كان على بينة من ربه ويتلوه شاهد منه
और उससे पहले मूसा का ग्रंथ, एक संदर्भ और दया के रूप में।
ومن قبله كتب موسى اماما ورحمة
ये वे हैं जो उस पर विश्वास करते हैं।
اوليك يومنون به
और दलों में से जो कोई उसे नकारता है, आग उसका वादे का समय है:
ومن يكفر به من الاحزاب فالنار موعده
तो उसके विषय में वाद-प्रतिवाद में न पड़ो,
فلا تك في مرية منه
क्योंकि यह तुम्हारे अभिभावक की ओर से आया सत्य है, परंतु अधिकतर लोग विश्वास नहीं करते।
انه الحق من ربك ولكن اكثر الناس لا يومنون
और उससे अधिक अन्यायी कौन है जो ईश्वर के विरुद्ध झूठ गढ़ता है?
ومن اظلم ممن افترى على الله كذبا
ये वे हैं जो अपने अभिभावक के सामने प्रस्तुत किए जाएँगे, और साक्षी कहेंगे: “ये वे हैं जिन्होंने अपने अभिभावक के विरुद्ध झूठ बोला!”
اوليك يعرضون على ربهم ويقول الاشهد هولاء الذين كذبوا على ربهم
क्या ऐसा नहीं कि ईश्वर का धिक्कार अन्यायियों पर है, जो ईश्वर की राह रोकते हैं और उसे टेढ़ी करने की खोज में रहते हैं, और जो अंतिम जीवन को नकारते हैं?
الا لعنة الله على الظلمين الذين يصدون عن سبيل الله ويبغونها عوجا وهم بالءاخرة هم كفرون
ये वे हैं जो धरती पर उसे असमर्थ नहीं कर सकेंगे, और ईश्वर के अतिरिक्त उनका कोई हिमायती न होगा:
اوليك لم يكونوا معجزين في الارض وما كان لهم من دون الله من اولياء
उनका दंड दोगुना किया जाएगा।
يضعف لهم العذاب
वे न सुन सकते थे, न साफ़ देख सकते थे।
ما كانوا يستطيعون السمع وما كانوا يبصرون
ये वे हैं जिन्होंने अपने स्व को घाटे में डाल दिया, और जो वे गढ़ते थे वह उनसे दूर भटक गया।
اوليك الذين خسروا انفسهم وضل عنهم ما كانوا يفترون
अटल रूप से, अंतिम जीवन में वही सबसे बढ़कर घाटा उठाने वाले हैं।
لا جرم انهم في الءاخرة هم الاخسرون
जिन्होंने विश्वास किया, भले कर्म किए और अपने अभिभावक के सामने झुक गए: यही उद्यान वाले हैं,
ان الذين ءامنوا وعملوا الصلحت واخبتوا الى ربهم اوليك اصحب الجنة
जहाँ वे सदा रहेंगे।
هم فيها خلدون
दोनों भागों का उदाहरण ऐसा है जैसे अंधा और बहरा, और दृष्टिवान और सुनने वाला:
مثل الفريقين كالاعمى والاصم والبصير والسميع
क्या वे उदाहरण में बराबर हैं?
هل يستويان مثلا
तो क्या तुम स्मरण नहीं करते?
افلا تذكرون
हमने निश्चय ही नूह को उसकी क़ौम की ओर भेजा:
ولقد ارسلنا نوحا الى قومه
“मैं तुम्हारे लिए एक स्पष्ट चेतावनी देने वाला हूँ:
اني لكم نذير مبين
केवल ईश्वर की आज्ञा का पालन करो;
ان لا تعبدوا الا الله
क्योंकि मैं तुम्हारे लिए एक पीड़ादायक दिन के दंड से डरता हूँ।”
اني اخاف عليكم عذاب يوم اليم
उसकी क़ौम में से जो नकारते थे, उनके दरबार ने कहा: “हम तुम्हें केवल अपने जैसा एक मानव देखते हैं, और हम किसी को तुम्हारे पीछे चलते नहीं देखते, सिवा उनके जो हममें से सबसे निम्न हैं, पहली दृष्टि में।
فقال الملا الذين كفروا من قومه ما نرىك الا بشرا مثلنا وما نرىك اتبعك الا الذين هم اراذلنا بادي الراي
और हम तुममें अपने ऊपर कोई अनुग्रह नहीं देखते; बल्कि हम तुम्हारे झूठे होने का अनुमान लगाते हैं।”
وما نرى لكم علينا من فضل بل نظنكم كذبين
उसने कहा: “हे मेरी क़ौम, क्या तुमने देखा? यदि मैं अपने अभिभावक के एक स्पष्ट प्रमाण पर आधारित हूँ, और उसने मुझे अपनी ओर से एक दया दी है, और वह तुम्हारे लिए अस्पष्ट हो गई है, तो क्या हम उसे तुम पर थोप दें, जबकि तुम्हें उससे अरुचि है?
قال يقوم ارءيتم ان كنت على بينة من ربي وءاتىني رحمة من عنده فعميت عليكم انلزمكموها وانتم لها كرهون
हे मेरी क़ौम, मैं इसके लिए तुमसे कोई धन नहीं माँगता:
ويقوم لا اسلكم عليه مالا
मेरा पुरस्कार केवल ईश्वर के ज़िम्मे है।
ان اجري الا على الله
और मैं उनमें से नहीं जो विश्वास करने वालों को ठुकराते हैं: वे अपने अभिभावक से निश्चय ही मिलेंगे;
وما انا بطارد الذين ءامنوا انهم ملقوا ربهم
परंतु मैं तुम्हें एक अज्ञानी क़ौम देखता हूँ।
ولكني ارىكم قوما تجهلون
हे मेरी क़ौम, ईश्वर के विरुद्ध मेरी सहायता कौन करता, यदि मैं उन्हें ठुकरा देता?
ويقوم من ينصرني من الله ان طردتهم
तो क्या तुम स्मरण नहीं करते?
افلا تذكرون
और मैं तुमसे नहीं कहता कि मेरे पास ईश्वर के भंडार हैं, न यह कि मैं उसे जानता हूँ जो इंद्रियों से परे है, न यह कि मैं एक अभिकर्ता हूँ;
ولا اقول لكم عندي خزاين الله ولا اعلم الغيب ولا اقول اني ملك
और मैं उनके विषय में, जिन्हें तुम्हारी आँखें तुच्छ समझती हैं, यह नहीं कहता कि ईश्वर उन्हें कोई अच्छाई नहीं देगा:
ولا اقول للذين تزدري اعينكم لن يوتيهم الله خيرا
ईश्वर उसे सबसे अच्छी तरह जानता है जो उनके स्वों में है।
الله اعلم بما في انفسهم
तब तो मैं अवश्य अन्यायियों की गिनती में होता।”
اني اذا لمن الظلمين
उन्होंने कहा: “हे नूह, तुमने हमसे बहस की, और बहस बहुत बढ़ा दी; तो हमारे पास वह ले आओ जिसका तुम हमसे वादा करते हो, यदि तुम सच्चों की गिनती में हो।”
قالوا ينوح قد جدلتنا فاكثرت جدلنا فاتنا بما تعدنا ان كنت من الصدقين
उसने कहा: “उसे तुम्हारे पास केवल ईश्वर लाएगा, यदि उसकी मर्ज़ी हो, और तुम उसे असमर्थ नहीं कर सकोगे।
قال انما ياتيكم به الله ان شاء وما انتم بمعجزين
और मेरा परामर्श तुम्हें कोई लाभ नहीं देगा, चाहे मैं तुम्हें परामर्श देना चाहूँ, यदि ईश्वर तुम्हें दिशाहीन करना चाहे:
ولا ينفعكم نصحي ان اردت ان انصح لكم ان كان الله يريد ان يغويكم
वह तुम्हारा अभिभावक है,
هو ربكم
और उसी की ओर तुम लौटाए जाओगे।”
واليه ترجعون
या वे कहेंगे: “उसने इसे गढ़ लिया है”?
ام يقولون افترىه
कहो: “यदि मैंने इसे गढ़ा है, तो मेरा बहिष्कार मेरे ही ज़िम्मे है, और मैं तुम्हारे बहिष्कार से बरी हूँ।”
قل ان افتريته فعلى اجرامي وانا بريء مما تجرمون
और नूह पर प्रकट किया गया कि तुम्हारी क़ौम में से कोई अब विश्वास नहीं करेगा, उनके अलावा जो पहले ही विश्वास कर चुके हैं:
واوحي الى نوح انه لن يومن من قومك الا من قد ءامن
तो उसके कारण व्यथित न हो जो वे करते थे।
فلا تبتيس بما كانوا يفعلون
और जलयान निर्मित करो, हमारी आँखों के सामने और हमारे प्रकटीकरण के अनुसार,
واصنع الفلك باعيننا ووحينا
और जिन्होंने अन्याय किया उनके विषय में मुझे संबोधित न करो, क्योंकि वे डुबोए जाएँगे।
ولا تخطبني في الذين ظلموا انهم مغرقون
और वह जलयान निर्मित कर रहा था; और जब भी उसकी क़ौम का कोई दरबार उसके पास से गुज़रता, वह उसका उपहास करता।
ويصنع الفلك وكلما مر عليه ملا من قومه سخروا منه
उसने कहा: “यदि तुम हमारा उपहास करते हो, तो हम भी तुम्हारा उपहास निश्चय ही करेंगे, जैसे तुम हमारा उपहास करते हो।
قال ان تسخروا منا فانا نسخر منكم كما تسخرون
तुम शीघ्र जान लोगे कि किस पर ऐसा दंड आएगा जो उसे लज्जा से ढक देगा, और किस पर वह दंड टूट पड़ेगा जो बना रहता है।”
فسوف تعلمون من ياتيه عذاب يخزيه ويحل عليه عذاب مقيم
यहाँ तक कि जब हमारा आदेश आया और तंदूर उबलने लगा, तो हमने कहा: “उसमें हर चीज़ में से एक जोड़े के दो तत्त्व सवार कर लो, और अपने परिवार को भी, उसके सिवा जिस पर पहले का कथन भारी पड़ चुका है, और उन्हें जिन्होंने विश्वास किया।”
حتى اذا جاء امرنا وفار التنور قلنا احمل فيها من كل زوجين اثنين واهلك الا من سبق عليه القول ومن ءامن
और उसके साथ विश्वास करने वाले केवल थोड़े ही थे।
وما ءامن معه الا قليل
और उसने कहा: “इसमें सवार हो जाओ: ईश्वर के नाम से इसका चलना और इसका लंगर डालना हो।
وقال اركبوا فيها بسم الله مجرىها ومرسىها
मेरा अभिभावक अवश्य अत्यंत क्षमाशील, दयालु है।”
ان ربي لغفور رحيم
और वह उन्हें लेकर पहाड़ों जैसी लहरों के बीच चल रहा था।
وهي تجري بهم في موج كالجبال
और नूह ने अपने बेटे को आवाज़ दी, जो एक ओर अलग खड़ा था: “हे मेरे नन्हे, हमारे साथ सवार हो जाओ, और नकारने वालों के साथ न रहो।”
ونادى نوح ابنه وكان في معزل يبنى اركب معنا ولا تكن مع الكفرين
उसने कहा: “मैं किसी पहाड़ की शरण ले लूँगा, जो मुझे पानी से सुरक्षित रखेगा।”
قال ساوي الى جبل يعصمني من الماء
उसने कहा: “आज ईश्वर के आदेश से कोई सुरक्षा नहीं, सिवा उसके जिस पर वह दया करे।”
قال لا عاصم اليوم من امر الله الا من رحم
और लहर उन दोनों के बीच आ गई, और वह डूबे हुओं की गिनती में हो गया।
وحال بينهما الموج فكان من المغرقين
और कहा गया: “हे धरती, अपना पानी निगल लो! हे आकाश, थम जाओ!”
وقيل يارض ابلعي ماءك ويسماء اقلعي
और पानी घट गया, मामले का फ़ैसला हो गया, और जलयान जूदी पर ठहर गया।
وغيض الماء وقضي الامر واستوت على الجودي
और कहा गया: “दूर हो अन्यायियों की क़ौम!”
وقيل بعدا للقوم الظلمين
और नूह ने अपने अभिभावक को पुकारा और कहा: “मेरे अभिभावक, मेरा बेटा निश्चय ही मेरे परिवार में से है, और आपका वादा सत्य है,
ونادى نوح ربه فقال رب ان ابني من اهلي وان وعدك الحق
और आप निर्णय करने वालों में सबसे संतुलित हैं।”
وانت احكم الحكمين
उसने कहा: “हे नूह, वह निश्चय ही तुम्हारे परिवार में से नहीं है,
قال ينوح انه ليس من اهلك
क्योंकि उसने वह किया जो भला नहीं है।
انه عمل غير صلح
तो मुझसे वह न माँगो जिसका तुम्हें कोई ज्ञान नहीं,
فلا تسلن ما ليس لك به علم
क्योंकि मैं तुम्हें उपदेश देता हूँ कि तुम अज्ञानियों की गिनती में न रहो।”
اني اعظك ان تكون من الجهلين
उसने कहा: “मेरे अभिभावक, मैं निश्चय ही स्वयं को आपकी छत्रछाया में रखता हूँ कि आपसे वह न माँगूँ जिसका मुझे कोई ज्ञान नहीं,
قال رب اني اعوذ بك ان اسلك ما ليس لي به علم
और यदि आप मुझे क्षमा न करें और मुझ पर दया न करें, तो मैं घाटा उठाने वालों की गिनती में हो जाऊँगा।”
والا تغفر لي وترحمني اكن من الخسرين
कहा गया: “हे नूह, हमारी ओर से शांति के साथ उतरो, और तुम पर तथा तुम्हारे साथ वालों से उपजे समुदायों पर आशीषें हों;
قيل ينوح اهبط بسلم منا وبركت عليك وعلى امم ممن معك
और कुछ समुदाय हैं जिन्हें हम उपभोग कराएँगे, फिर हमारी ओर से उन्हें पीड़ादायक दंड छुएगा।”
وامم سنمتعهم ثم يمسهم منا عذاب اليم
ये उसकी सूचनाएँ हैं जो इंद्रियों से परे है, जिन्हें हम तुम पर प्रकट करते हैं:
تلك من انباء الغيب نوحيها اليك
तुम इन्हें नहीं जानते थे, न तुम और न तुम्हारी क़ौम, इससे पहले।
ما كنت تعلمها انت ولا قومك من قبل هذا
तो धैर्य रखो,
فاصبر
क्योंकि परिणाम सावधानी बरतने वालों का है।
ان العقبة للمتقين
और आद की ओर, उनका भाई हूद:
والى عاد اخاهم هودا
उसने कहा: “हे मेरी क़ौम! ईश्वर की आज्ञा का पालन करो: तुम्हारे लिए उसके सिवा कोई देवता नहीं;
قال يقوم اعبدوا الله ما لكم من اله غيره
तुम केवल गढ़ने वाले हो।
ان انتم الا مفترون
हे मेरी क़ौम, मैं इसके लिए तुमसे कोई पुरस्कार नहीं माँगता:
يقوم لا اسلكم عليه اجرا
मेरा पुरस्कार केवल उसके ज़िम्मे है जिसने मुझे मूलतः रचा।
ان اجري الا على الذي فطرني
तो क्या तुम बुद्धि से काम नहीं लेते?
افلا تعقلون
हे मेरी क़ौम, अपने अभिभावक से क्षमा माँगो, फिर उसकी ओर पलट आओ: वह तुम पर बरसता आकाश भेजेगा, और तुम्हारे बल में बल बढ़ाएगा; और बहिष्कृत बनकर पीठ न फेरो।”
ويقوم استغفروا ربكم ثم توبوا اليه يرسل السماء عليكم مدرارا ويزدكم قوة الى قوتكم ولا تتولوا مجرمين
उन्होंने कहा: “हे हूद, तुम हमारे पास कोई स्पष्ट प्रमाण नहीं लाए, और हम तुम्हारे कथन पर अपने देवताओं को त्यागने वाले नहीं, और हम तुम पर भरोसा करने वाले नहीं।
قالوا يهود ما جيتنا ببينة وما نحن بتاركي ءالهتنا عن قولك وما نحن لك بمومنين
हम तो केवल यह कहते हैं कि हमारे देवताओं में से किसी ने तुम पर बुराई की चोट की है।”
ان نقول الا اعترىك بعض ءالهتنا بسوء
उसने कहा: “मैं निश्चय ही ईश्वर को साक्षी बनाता हूँ,
قال اني اشهد الله
और तुम भी साक्षी रहो कि मैं उससे बरी हूँ जिसे तुम उसके अतिरिक्त साझी ठहराते हो:
واشهدوا اني بريء مما تشركون من دونه
तो सब मिलकर मेरे विरुद्ध चाल चलो, और मुझे कोई मोहलत न दो,
فكيدوني جميعا ثم لا تنظرون
क्योंकि मैं ईश्वर को मुख़्तार बनाता हूँ, जो मेरा अभिभावक है और तुम्हारा भी:
اني توكلت على الله ربي وربكم
कोई चलने-फिरने वाला नहीं जिसे वह माथे के बालों से पकड़े हुए न हो।
ما من دابة الا هو ءاخذ بناصيتها
मेरा अभिभावक सीधे पथ पर है।
ان ربي على صرط مستقيم
यदि तुम पीठ फेरते हो, तो जिसके साथ मैं तुम्हारी ओर भेजा गया था वह मैं तुम्हें पहुँचा चुका हूँ;
فان تولوا فقد ابلغتكم ما ارسلت به اليكم
और मेरा अभिभावक तुम्हारी जगह दूसरी क़ौम को उत्तराधिकारी बनाएगा, बिना इसके कि तुम उसे किसी भी बात में हानि पहुँचाओ,
ويستخلف ربي قوما غيركم ولا تضرونه شيا
क्योंकि मेरा अभिभावक हर चीज़ की रक्षा करता है।”
ان ربي على كل شىء حفيظ
और जब हमारा आदेश आया, तो हमने हूद को और उन्हें जिन्होंने उसके साथ विश्वास किया था, अपनी ओर से एक दया के कारण उबारा, और हमने उन्हें एक कड़े दंड से उबारा।
ولما جاء امرنا نجينا هودا والذين ءامنوا معه برحمة منا ونجينهم من عذاب غليظ
और ये आद हैं: उन्होंने अपने अभिभावक के संकेतों को हठपूर्वक अस्वीकार किया, उसके संदेशवाहकों की अवज्ञा की, और हर हठी अत्याचारी के आदेश का अनुसरण किया।
وتلك عاد جحدوا بايت ربهم وعصوا رسله واتبعوا امر كل جبار عنيد
और इस इहलोक के जीवन में उनके पीछे एक धिक्कार लगा दिया गया, और पेशी के दिन भी:
واتبعوا في هذه الدنيا لعنة ويوم القيمة
क्या ऐसा नहीं है: आद ने निश्चय ही अपने अभिभावक को नकारा।
الا ان عادا كفروا ربهم
दूर हों आद, हूद की क़ौम!
الا بعدا لعاد قوم هود
और समूद की ओर, उनका भाई सालेह:
والى ثمود اخاهم صلحا
उसने कहा: “हे मेरी क़ौम! ईश्वर की आज्ञा का पालन करो: तुम्हारे लिए उसके सिवा कोई देवता नहीं।
قال يقوم اعبدوا الله ما لكم من اله غيره
वही है जिसने तुम्हें धरती से उत्पन्न किया और उसमें तुम्हें दीर्घकाल तक जीवन दिया: तो उससे क्षमा माँगो, फिर उसकी ओर पलट आओ,
هو انشاكم من الارض واستعمركم فيها فاستغفروه ثم توبوا اليه
क्योंकि मेरा अभिभावक निकट है, और उत्तर देता है।”
ان ربي قريب مجيب
उन्होंने कहा: “हे सालेह, इससे पहले तुम हमारे बीच एक आशा थे; क्या तुम हमें उसकी आज्ञा का पालन करने से रोकते हो जिसकी आज्ञा का पालन हमारे पूर्वज करते थे? जिसकी ओर तुम हमें बुलाते हो, उसके विषय में हम अवश्य एक विचलित करने वाली दुविधा में हैं।”
قالوا يصلح قد كنت فينا مرجوا قبل هذا اتنهىنا ان نعبد ما يعبد ءاباونا واننا لفي شك مما تدعونا اليه مريب
उसने कहा: “हे मेरी क़ौम, क्या तुमने देखा? यदि मैं अपने अभिभावक के एक स्पष्ट प्रमाण पर आधारित हूँ, और उसने मुझे अपनी ओर से एक दया दी है, तो ईश्वर के विरुद्ध मेरी सहायता कौन करता, यदि मैं उसकी अवज्ञा करता?
قال يقوم ارءيتم ان كنت على بينة من ربي وءاتىني منه رحمة فمن ينصرني من الله ان عصيته
तब तुम मेरा घाटा ही बढ़ाते।
فما تزيدونني غير تخسير
हे मेरी क़ौम, यह ईश्वर की ऊँटनी है, तुम्हारे लिए एक संकेत:
ويقوم هذه ناقة الله لكم ءاية
तो उसे छोड़ दो: वह ईश्वर की धरती पर खाए,
فذروها تاكل في ارض الله
और उसे किसी बुराई से न छुओ, नहीं तो एक निकट का दंड तुम्हें पकड़ लेगा।”
ولا تمسوها بسوء فياخذكم عذاب قريب
परंतु उन्होंने उसका अंग-भंग कर दिया। तब उसने कहा: “अपने ठिकाने में तीन दिन उपभोग कर लो:
فعقروها فقال تمتعوا في داركم ثلثة ايام
यह ऐसा वादा है जिसे झुठलाया नहीं जाएगा।”
ذلك وعد غير مكذوب
जब हमारा आदेश आया, तो हमने सालेह को और उन्हें जिन्होंने उसके साथ विश्वास किया था, अपनी ओर से एक दया के कारण, और उस दिन की लज्जा से उबारा;
فلما جاء امرنا نجينا صلحا والذين ءامنوا معه برحمة منا ومن خزي يوميذ
क्योंकि तुम्हारा अभिभावक बलवान, सर्वशक्तिमान है।
ان ربك هو القوي العزيز
और जिन्होंने अन्याय किया था उन्हें चीख़ ने पकड़ लिया, तो वे अपने ठिकानों में पड़े हुए, निश्चल रह गए, मानो वे वहाँ कभी रहे ही न थे।
واخذ الذين ظلموا الصيحة فاصبحوا في ديرهم جثمين كان لم يغنوا فيها
क्या ऐसा नहीं है: समूद ने निश्चय ही अपने अभिभावक को नकारा।
الا ان ثمودا كفروا ربهم
दूर हों समूद!
الا بعدا لثمود
और हमारे संदेशवाहक इब्राहीम के पास शुभ समाचार के साथ निश्चय ही आए: उन्होंने कहा: “शांति!”
ولقد جاءت رسلنا ابرهيم بالبشرى قالوا سلما
उसने कहा: “शांति!”
قال سلم
और उसने देर नहीं की, एक भुना हुआ बछड़ा ले आया।
فما لبث ان جاء بعجل حنيذ
परंतु जब उसने देखा कि उनके हाथ उस तक नहीं पहुँचते, तो उसे वे अजीब लगे और उसने उनके प्रति एक डर अनुभव किया।
فلما رءا ايديهم لا تصل اليه نكرهم واوجس منهم خيفة
उन्होंने कहा: “डरो मत,
قالوا لا تخف
क्योंकि हम लूत की क़ौम की ओर भेजे गए हैं।”
انا ارسلنا الى قوم لوط
और उसकी पत्नी, खड़ी हुई, हँस पड़ी;
وامراته قايمة فضحكت
तब हमने उसे इसहाक़ का शुभ समाचार दिया,
فبشرنها باسحق
और इसहाक़ के बाद याक़ूब का।
ومن وراء اسحق يعقوب
उसने कहा: “हाय मुझ पर! क्या मैं जन्म दूँगी, जबकि मैं बूढ़ी हूँ, और यह मेरा पति है, एक बूढ़ा?
قالت يويلتى ءالد وانا عجوز وهذا بعلي شيخا
यह तो अवश्य आश्चर्य की बात है!”
ان هذا لشىء عجيب
उन्होंने कहा: “क्या तुम ईश्वर के आदेश से आश्चर्य करती हो?
قالوا اتعجبين من امر الله
तुम पर ईश्वर की दया और उसकी आशीषें हों, घर वालो!
رحمت الله وبركته عليكم اهل البيت
क्योंकि वह प्रशंसनीय, गौरवशाली है।”
انه حميد مجيد
जब इब्राहीम से घबराहट जाती रही और उसके पास शुभ समाचार आ गया, तो वह लूत की क़ौम के विषय में हमसे बहस करने लगा:
فلما ذهب عن ابرهيم الروع وجاءته البشرى يجدلنا في قوم لوط
इब्राहीम अवश्य सहनशील, आहें भरने वाला, निरंतर उसका आसरा लेने वाला है।
ان ابرهيم لحليم اوه منيب
“हे इब्राहीम, इससे कतरा जाओ:
يابرهيم اعرض عن هذا
तुम्हारे अभिभावक का आदेश आ चुका है,
انه قد جاء امر ربك
और उन पर एक ऐसा दंड निश्चय ही आ रहा है जिसे रद्द नहीं किया जा सकता।”
وانهم ءاتيهم عذاب غير مردود
और जब हमारे संदेशवाहक लूत के पास आए, तो उनका आना उसे बुरा लगा, और वह उनके विषय में असहाय अनुभव करने लगा, और उसने कहा: “यह एक कष्टदायक दिन है।”
ولما جاءت رسلنا لوطا سيء بهم وضاق بهم ذرعا وقال هذا يوم عصيب
और उसकी क़ौम उसके पास दौड़ती हुई आई, जबकि इससे पहले वे बुरे कर्म किया करते थे।
وجاءه قومه يهرعون اليه ومن قبل كانوا يعملون السيات
उसने कहा: “हे मेरी क़ौम, ये मेरी बेटियाँ हैं: वे तुम्हारे लिए अधिक स्वच्छ हैं; तो ईश्वर के प्रति सावधान रहो, और मेरे अतिथियों के विषय में मुझे लज्जित न करो:
قال يقوم هولاء بناتي هن اطهر لكم فاتقوا الله ولا تخزون في ضيفي
क्या तुममें कोई सुबुद्ध पुरुष नहीं?”
اليس منكم رجل رشيد
उन्होंने कहा: “तुम जानते ही हो कि तुम्हारी बेटियों पर हमारा क्या स्वत्व है, और तुम अवश्य जानते हो कि हम क्या चाहते हैं।”
قالوا لقد علمت ما لنا في بناتك من حق وانك لتعلم ما نريد
उसने कहा: “काश मुझमें तुम्हारे विरुद्ध कुछ बल होता, या मैं किसी सुदृढ़ आधार की शरण ले पाता!”
قال لو ان لي بكم قوة او ءاوي الى ركن شديد
उन्होंने कहा: “हे लूत, हम निश्चय ही तुम्हारे अभिभावक के संदेशवाहक हैं: वे तुम तक कभी नहीं पहुँचेंगे।
قالوا يلوط انا رسل ربك لن يصلوا اليك
तो अपने परिवार को लेकर, अपनी पत्नी के अलावा, रात के एक भाग में चल पड़ो, और तुममें से कोई पीछे न मुड़े,
فاسر باهلك بقطع من اليل ولا يلتفت منكم احد الا امراتك
क्योंकि जो उन पर आने वाला है वह उस पर भी आएगा।
انه مصيبها ما اصابهم
उनका वादे का समय सुबह है:
ان موعدهم الصبح
क्या सुबह निकट नहीं है?”
اليس الصبح بقريب
जब हमारा आदेश आया, तो हमने उसके ऊपरी भाग को उसका निचला भाग बना दिया, और उस पर ढली हुई मिट्टी के, तह-दर-तह रखे, तुम्हारे अभिभावक के पास अंकित पत्थर बरसाए:
فلما جاء امرنا جعلنا عليها سافلها وامطرنا عليها حجارة من سجيل منضود مسومة عند ربك
और वह अन्यायियों से दूर नहीं।
وما هي من الظلمين ببعيد
और मदयन की ओर, उनका भाई शुऐब:
والى مدين اخاهم شعيبا
उसने कहा: “हे मेरी क़ौम! ईश्वर की आज्ञा का पालन करो: तुम्हारे लिए उसके सिवा कोई देवता नहीं,
قال يقوم اعبدوا الله ما لكم من اله غيره
और माप और तुला को न घटाओ।
ولا تنقصوا المكيال والميزان
मैं तुम्हें निश्चय ही अच्छाई में देखता हूँ, और मैं तुम्हारे लिए एक घेर लेने वाले दिन के दंड से डरता हूँ।
اني ارىكم بخير واني اخاف عليكم عذاب يوم محيط
हे मेरी क़ौम, माप और तुला को निष्पक्षता से पूरा दो,
ويقوم اوفوا المكيال والميزان بالقسط
और लोगों को उनकी चीज़ों में वंचित न करो, और धरती पर बिगाड़ने वाले बनकर उपद्रव न फैलाओ।
ولا تبخسوا الناس اشياءهم ولا تعثوا في الارض مفسدين
जो ईश्वर के पास शेष रहता है वह तुम्हारे लिए बेहतर है, यदि तुम विश्वास करने वाले हो;
بقيت الله خير لكم ان كنتم مومنين
और मैं तुम पर रक्षक नहीं हूँ।”
وما انا عليكم بحفيظ
उन्होंने कहा: “हे शुऐब, क्या तुम्हारा संपर्क तुम्हें आदेश देता है कि हम उसे त्याग दें जिसकी आज्ञा का पालन हमारे पूर्वज करते थे, या अपनी संपत्ति के साथ जो हमारी मर्ज़ी हो, वह करना बंद कर दें?
قالوا يشعيب اصلوتك تامرك ان نترك ما يعبد ءاباونا او ان نفعل في امولنا ما نشوا
तुम तो अवश्य सहनशील, सुबुद्ध हो!”
انك لانت الحليم الرشيد
उसने कहा: “हे मेरी क़ौम, क्या तुमने देखा? यदि मैं अपने अभिभावक के एक स्पष्ट प्रमाण पर आधारित हूँ, और उसने अपनी ओर से मुझे एक सुंदर जीविका दी है…
قال يقوم ارءيتم ان كنت على بينة من ربي ورزقني منه رزقا حسنا
और मैं नहीं चाहता कि तुम्हारा विरोध करके स्वयं वही करूँ जिससे मैं तुम्हें रोकता हूँ:
وما اريد ان اخالفكم الى ما انهىكم عنه
मैं केवल सुधार चाहता हूँ, जितना मुझसे बन पड़े;
ان اريد الا الاصلح ما استطعت
और मेरी सफलता केवल ईश्वर पर निर्भर है:
وما توفيقي الا بالله
उसी को मैं मुख़्तार बनाता हूँ,
عليه توكلت
और उसी का आसरा लेता हूँ।
واليه انيب
हे मेरी क़ौम, मुझसे तुम्हारा संबंध टूट जाना तुम्हें इस पर न ले जाए कि तुम पर वह आ पड़े जो नूह की क़ौम पर, या हूद की क़ौम पर, या सालेह की क़ौम पर आ पड़ा;
ويقوم لا يجرمنكم شقاقي ان يصيبكم مثل ما اصاب قوم نوح او قوم هود او قوم صلح
और लूत की क़ौम तुमसे दूर नहीं।
وما قوم لوط منكم ببعيد
और अपने अभिभावक से क्षमा माँगो, फिर उसकी ओर पलट आओ,
واستغفروا ربكم ثم توبوا اليه
क्योंकि मेरा अभिभावक दयालु, स्नेहशील है।”
ان ربي رحيم ودود
उन्होंने कहा: “हे शुऐब, तुम जो कहते हो उसका बहुत कुछ हम नहीं समझते, और हम तुम्हें अपने बीच अवश्य निर्बल देखते हैं; यदि तुम्हारा कुटुंब न होता, तो हम तुम्हें निष्कासित कर देते; और तुम्हारी हम पर कोई शक्ति नहीं।”
قالوا يشعيب ما نفقه كثيرا مما تقول وانا لنرىك فينا ضعيفا ولولا رهطك لرجمنك وما انت علينا بعزيز
उसने कहा: “हे मेरी क़ौम, क्या मेरा कुटुंब तुम्हारे लिए ईश्वर से अधिक भार रखता है, जिसे तुमने अपनी पीठ के पीछे डाल दिया है?
قال يقوم ارهطي اعز عليكم من الله واتخذتموه وراءكم ظهريا
मेरा अभिभावक उसे पूरी तरह घेरे हुए है जो तुम करते हो।
ان ربي بما تعملون محيط
हे मेरी क़ौम, अपनी जगह के अनुसार कर्म करो, क्योंकि मैं भी कर्म करता हूँ:
ويقوم اعملوا على مكانتكم اني عمل
तुम शीघ्र जान लोगे कि किस पर ऐसा दंड आएगा जो उसे लज्जा से ढक देगा, और कौन झूठा है।
سوف تعلمون من ياتيه عذاب يخزيه ومن هو كذب
और तुम ताक लगाओ,
وارتقبوا
क्योंकि मैं तुम्हारे साथ ताक लगाए हूँ।”
اني معكم رقيب
और जब हमारा आदेश आया, तो हमने शुऐब को और उन्हें जिन्होंने उसके साथ विश्वास किया था, अपनी ओर से एक दया के कारण उबारा।
ولما جاء امرنا نجينا شعيبا والذين ءامنوا معه برحمة منا
और जिन्होंने अन्याय किया था उन्हें चीख़ ने पकड़ लिया, तो वे अपने ठिकानों में पड़े हुए, निश्चल रह गए, मानो वे वहाँ कभी रहे ही न थे।
واخذت الذين ظلموا الصيحة فاصبحوا في ديرهم جثمين كان لم يغنوا فيها
दूर हो मदयन, जैसे समूद दूर हुए!
الا بعدا لمدين كما بعدت ثمود
हमने निश्चय ही मूसा को अपने संकेतों और एक स्पष्ट अधिकार के साथ फ़िरऔन और उसके दरबार की ओर भेजा; परंतु उन्होंने फ़िरऔन के आदेश का अनुसरण किया,
ولقد ارسلنا موسى بايتنا وسلطن مبين الى فرعون وملايه فاتبعوا امر فرعون
और फ़िरऔन का आदेश सुबुद्ध न था।
وما امر فرعون برشيد
वह पेशी के दिन अपनी क़ौम के आगे चलेगा, और उन्हें आग तक पहुँचाएगा:
يقدم قومه يوم القيمة فاوردهم النار
कितना निकृष्ट है वह पहुँचने का स्थान जहाँ पहुँचा जाता है!
وبيس الورد المورود
और इहलोक में उनके पीछे एक धिक्कार लगा दिया गया, और पेशी के दिन भी:
واتبعوا في هذه لعنة ويوم القيمة
कितनी निकृष्ट सौग़ात है वह जो उन्हें दी गई!
بيس الرفد المرفود
ये उन बस्तियों की सूचनाएँ हैं जो हम तुम्हें बताते हैं: उनमें से कुछ खड़ी शेष हैं, और कुछ कटी हुई फ़सल।
ذلك من انباء القرى نقصه عليك منها قايم وحصيد
और हमने उन पर अन्याय नहीं किया, परंतु उन्होंने स्वयं पर अन्याय किया:
وما ظلمنهم ولكن ظلموا انفسهم
उनके देवता, जिन्हें वे ईश्वर के अतिरिक्त पुकारते थे, उनके किसी काम न आए जब तुम्हारे अभिभावक का आदेश आया,
فما اغنت عنهم ءالهتهم التي يدعون من دون الله من شىء لما جاء امر ربك
और उन्होंने उनका विनाश ही बढ़ाया।
وما زادوهم غير تتبيب
यह तुम्हारे अभिभावक की पकड़ है, जब वह बस्तियों को पकड़ता है जबकि वे अन्यायी होती हैं:
وكذلك اخذ ربك اذا اخذ القرى وهي ظلمة
उसकी पकड़ निश्चय ही पीड़ादायक, कठोर है।
ان اخذه اليم شديد
इसमें उसके लिए अवश्य एक संकेत है जो अंतिम जीवन के दंड से डरता है:
ان في ذلك لءاية لمن خاف عذاب الءاخرة
वह ऐसा दिन है जिसमें लोग एकत्र किए जाएँगे,
ذلك يوم مجموع له الناس
और वह एक प्रमाणित दिन है।
وذلك يوم مشهود
और हम उसे केवल एक गिनी हुई अवधि तक टालते हैं।
وما نوخره الا لاجل معدود
जिस दिन वह आएगा, कोई स्व उसकी अनुमति के बिना नहीं बोलेगा:
يوم يات لا تكلم نفس الا باذنه
तब अभागा होगा और सौभाग्यशाली।
فمنهم شقي وسعيد
जो अभागे होंगे, वे आग में होंगे, जहाँ उनके लिए हाँफ और सिसकियाँ होंगी, जहाँ वे सदा रहेंगे, जब तक आकाश और धरती टिके रहेंगे, सिवा उसके जो तुम्हारे अभिभावक की मर्ज़ी हो,
فاما الذين شقوا ففي النار لهم فيها زفير وشهيق خلدين فيها ما دامت السموت والارض الا ما شاء ربك
क्योंकि तुम्हारा अभिभावक जो चाहता है वह निरंतर करता रहता है।
ان ربك فعال لما يريد
और जो सौभाग्यशाली होंगे, वे उद्यान में होंगे, जहाँ वे सदा रहेंगे, जब तक आकाश और धरती टिके रहेंगे, सिवा उसके जो तुम्हारे अभिभावक की मर्ज़ी हो:
واما الذين سعدوا ففي الجنة خلدين فيها ما دامت السموت والارض الا ما شاء ربك
एक ऐसा अनुदान जो कभी नहीं सूखेगा।
عطاء غير مجذوذ
तो उसके विषय में वाद-प्रतिवाद में न पड़ो जिसकी आज्ञा का पालन ये करते हैं:
فلا تك في مرية مما يعبد هولاء
वे आज्ञा का पालन केवल वैसे ही करते हैं जैसे उनके पूर्वज पहले करते थे।
ما يعبدون الا كما يعبد ءاباوهم من قبل
और हम उन्हें उनका भाग अवश्य पूरा देंगे, उसमें कुछ भी घटाए बिना।
وانا لموفوهم نصيبهم غير منقوص
हमने निश्चय ही मूसा को ग्रंथ दिया, और उसमें मतभेद किया गया;
ولقد ءاتينا موسى الكتب فاختلف فيه
और यदि तुम्हारे अभिभावक का पहले का बोल न होता, तो उनके बीच फ़ैसला कर दिया गया होता;
ولولا كلمة سبقت من ربك لقضي بينهم
और वे अवश्य उसके विषय में एक विचलित करने वाली दुविधा में हैं।
وانهم لفي شك منه مريب
और तुम्हारा अभिभावक उन सबको अवश्य उनके कर्म पूरे देगा,
وان كلا لما ليوفينهم ربك اعملهم
क्योंकि वह वे जो करते हैं उसकी पूरी ख़बर रखता है।
انه بما يعملون خبير
तो सीधे रहो, जैसा तुम्हें आदेश दिया गया है, और वे भी जो तुम्हारे साथ पलट आए हैं, और मर्यादा से आगे न निकलो,
فاستقم كما امرت ومن تاب معك ولا تطغوا
क्योंकि वह उस पर दृष्टि रखता है जो तुम करते हो।
انه بما تعملون بصير
और उनकी ओर झुकाव न रखो जिन्होंने अन्याय किया, नहीं तो आग तुम्हें छू लेगी,
ولا تركنوا الى الذين ظلموا فتمسكم النار
और तुम्हारा, ईश्वर के अतिरिक्त, कोई हिमायती न होता,
وما لكم من دون الله من اولياء
फिर तुम्हारी सहायता नहीं की जाती।
ثم لا تنصرون
और दिन के दोनों सिरों पर, और रात की निकटवर्ती घड़ियों में संपर्क बनाए रखो,
واقم الصلوة طرفى النهار وزلفا من اليل
क्योंकि भलाइयाँ बुरे कर्मों को मिटा देती हैं:
ان الحسنت يذهبن السيات
यह स्मरण करने वालों के लिए एक स्मरण है।
ذلك ذكرى للذكرين
और धैर्य रखो,
واصبر
क्योंकि ईश्वर भलाई करने वालों का पुरस्कार नष्ट नहीं होने देता।
فان الله لا يضيع اجر المحسنين
क्या तुमसे पहले की पीढ़ियों में ऐसे अवशेष-धारक न थे जो धरती पर बिगाड़ से रोकते, उन थोड़े-से के सिवा जिन्हें हमने उबारा?
فلولا كان من القرون من قبلكم اولوا بقية ينهون عن الفساد في الارض الا قليلا ممن انجينا منهم
और जो अन्यायी थे, उन्होंने उसी का अनुसरण किया जिसमें वे विलासिता में जी रहे थे, और वे बहिष्कृत हुए।
واتبع الذين ظلموا ما اترفوا فيه وكانوا مجرمين
और तुम्हारे अभिभावक की प्रकृति में नहीं कि वह बस्तियों को अन्याय से नष्ट कर दे, जबकि वहाँ के निवासी सुधार करते हों।
وما كان ربك ليهلك القرى بظلم واهلها مصلحون
और यदि तुम्हारे अभिभावक की मर्ज़ी होती, तो वह लोगों को एक ही समुदाय बना देता;
ولو شاء ربك لجعل الناس امة وحدة
परंतु वे मतभेद करते ही रहते हैं, उनके सिवा जिन पर तुम्हारा अभिभावक दया करता है,
ولا يزالون مختلفين الا من رحم ربك
और इसी के लिए उसने उन्हें रचा है।
ولذلك خلقهم
और तुम्हारे अभिभावक का बोल पूरा हो गया: “मैं अवश्य जहन्नम को प्रच्छन्नों और मनुष्यों से, सबको मिलाकर, भर दूँगा।”
وتمت كلمة ربك لاملان جهنم من الجنة والناس اجمعين
और संदेशवाहकों की जो भी सूचनाएँ हम तुम्हें बताते हैं, वही हैं जिनसे हम तुम्हारी चेतना को दृढ़ करते हैं;
وكلا نقص عليك من انباء الرسل ما نثبت به فوادك
और इसमें तुम्हारे पास सत्य आया, और विश्वास करने वालों के लिए उपदेश और स्मरण आया।
وجاءك في هذه الحق وموعظة وذكرى للمومنين
और जो विश्वास नहीं करते उनसे कहो: “अपनी जगह के अनुसार कर्म करो; हम कर्म कर रहे हैं; और प्रतीक्षा करो: हम भी निश्चय ही प्रतीक्षा कर रहे हैं।”
وقل للذين لا يومنون اعملوا على مكانتكم انا عملون وانتظروا انا منتظرون
और आकाशों और धरती में जो इंद्रियों से परे है, वह ईश्वर का है,
ولله غيب السموت والارض
और सारा आदेश उसी की ओर लौटता है:
واليه يرجع الامر كله
अतः उसकी आज्ञा का पालन करो, और उसे मुख़्तार बनाओ:
فاعبده وتوكل عليه
और तुम्हारा अभिभावक उससे लापरवाह नहीं जो तुम करते हो।
وما ربك بغفل عما تعملون