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The One Who Keeps Turning Back
ईश्वर के नाम से, जो सर्वदयालु, दयालु है। साद.
بِسۡمِ ٱللَّهِ ٱلرَّحۡمَٰنِ ٱلرَّحِيمِ صٓۚ
स्मरण वाले पाठ की शपथ,
وَٱلۡقُرۡءَانِ ذِي ٱلذِّكۡرِ
नहीं! नकारने वाले शक्ति और दरार में हैं।
بَلِ ٱلَّذِينَ كَفَرُواْ فِي عِزَّةٖ وَشِقَاقٖ
हमने उनसे पहले कितनी ही पीढ़ियाँ नष्ट कर दीं! उन्होंने पुकारा, परंतु बच निकलने का समय अब नहीं रहा था।
كَمۡ أَهۡلَكۡنَا مِن قَبۡلِهِم مِّن قَرۡنٖ فَنَادَواْ وَّلَاتَ حِينَ مَنَاصٖ
और वे चकित हुए कि उन्हीं में से एक चेतावनी देने वाला उनके पास आया है,
وَعَجِبُوٓاْ أَن جَآءَهُم مُّنذِرٞ مِّنۡهُمۡۖ
और नकारने वालों ने कहा: “यह एक भ्रमकार है, एक बड़ा झूठा। क्या उसने सारे देवताओं को एक ही देवता बना दिया? यह तो अवश्य चकित कर देने वाली बात है!”
وَقَالَ ٱلۡكَٰفِرُونَ هَٰذَا سَٰحِرٞ كَذَّابٌ أَجَعَلَ ٱلۡأٓلِهَةَ إِلَٰهٗا وَٰحِدًاۖ إِنَّ هَٰذَا لَشَيۡءٌ عُجَابٞ
और उनमें से दरबारी यह कहते हुए चल पड़े: “जाओ, और अपने देवताओं पर डटे रहो! यह तो अवश्य एक चाही हुई बात है। हमने अंतिम मत में ऐसा कुछ नहीं सुना; यह तो बस सिरे से गढ़ी हुई रचना है। क्या हम सबके बीच, उसी पर स्मरण उतारा गया है?”
وَٱنطَلَقَ ٱلۡمَلَأُ مِنۡهُمۡ أَنِ ٱمۡشُواْ وَٱصۡبِرُواْ عَلَىٰٓ ءَالِهَتِكُمۡۖ إِنَّ هَٰذَا لَشَيۡءٞ يُرَادُ مَا سَمِعۡنَا بِهَٰذَا فِي ٱلۡمِلَّةِ ٱلۡأٓخِرَةِ إِنۡ هَٰذَآ إِلَّا ٱخۡتِلَٰقٌ أَءُنزِلَ عَلَيۡهِ ٱلذِّكۡرُ مِنۢ بَيۡنِنَاۚ
नहीं, वे मेरे स्मरण के विषय में दुविधा में हैं; नहीं, उन्होंने अभी तक मेरा दंड नहीं चखा।
بَلۡ هُمۡ فِي شَكّٖ مِّن ذِكۡرِيۚ بَل لَّمَّا يَذُوقُواْ عَذَابِ
या फिर क्या उनके पास तुम्हारे अभिभावक, सर्वशक्तिमान, प्रदाता, की दया के भंडार हैं?
أَمۡ عِندَهُمۡ خَزَآئِنُ رَحۡمَةِ رَبِّكَ ٱلۡعَزِيزِ ٱلۡوَهَّابِ
या क्या वे आकाशों, धरती और उनके बीच जो कुछ है, उसके राजत्व के मालिक हैं?
أَمۡ لَهُم مُّلۡكُ ٱلسَّمَٰوَٰتِ وَٱلۡأَرۡضِ وَمَا بَيۡنَهُمَاۖ
तो वे साधनों के सहारे ऊँचे चढ़ जाएँ!
فَلۡيَرۡتَقُواْ فِي ٱلۡأَسۡبَٰبِ
यह तो बस दलों में से एक सेना है जो पराजय के लिए नियत है।
جُندٞ مَّا هُنَالِكَ مَهۡزُومٞ مِّنَ ٱلۡأَحۡزَابِ
उनसे पहले नूह की क़ौम, आद, खूँटों वाले फ़िरऔन, समूद, लूत की क़ौम और झाड़ी वालों ने झुठलाया।
كَذَّبَتۡ قَبۡلَهُمۡ قَوۡمُ نُوحٖ وَعَادٞ وَفِرۡعَوۡنُ ذُو ٱلۡأَوۡتَادِ وَثَمُودُ وَقَوۡمُ لُوطٖ وَأَصۡحَٰبُ لۡـَٔيۡكَةِۚ
वही दल हैं।
أُوْلَٰٓئِكَ ٱلۡأَحۡزَابُ
उनमें से प्रत्येक ने बस संदेशवाहकों को ही झुठलाया; अतः मेरी सज़ा सिद्ध हो गई।
إِن كُلٌّ إِلَّا كَذَّبَ ٱلرُّسُلَ فَحَقَّ عِقَابِ
और ये बस एक ही चीख़ की प्रतीक्षा कर रहे हैं, बिना किसी अवकाश के।
وَمَا يَنظُرُ هَٰٓؤُلَآءِ إِلَّا صَيۡحَةٗ وَٰحِدَةٗ مَّا لَهَا مِن فَوَاقٖ
और उन्होंने कहा: “हमारे अभिभावक, हमारा हिस्सा हमारे लिए शीघ्र कर दीजिए, हिसाब के दिन से पहले।”
وَقَالُواْ رَبَّنَا عَجِّل لَّنَا قِطَّنَا قَبۡلَ يَوۡمِ ٱلۡحِسَابِ
वे जो कहते हैं उस पर धैर्य रखो,
ٱصۡبِرۡ عَلَىٰ مَا يَقُولُونَ
और हमारे आज्ञाकारी दाऊद का स्मरण करो, जो बल वाला था,
وَٱذۡكُرۡ عَبۡدَنَا دَاوُۥدَ ذَا ٱلۡأَيۡدِۖ
क्योंकि वह निरंतर पुनरागमन करता था।
إِنَّهُۥٓ أَوَّابٌ
हमने पहाड़ों को वश में किया कि वे उसके साथ महिमा गाएँ, शाम को और भोर में, और इकट्ठा किए गए पक्षियों को भी:
إِنَّا سَخَّرۡنَا ٱلۡجِبَالَ مَعَهُۥ يُسَبِّحۡنَ بِٱلۡعَشِيِّ وَٱلۡإِشۡرَاقِ وَٱلطَّيۡرَ مَحۡشُورَةٗۖ
उनमें से प्रत्येक निरंतर उसकी ओर पुनरागमन करता था।
كُلّٞ لَّهُۥٓ أَوَّابٞ
और हमने उसके राजत्व को दृढ़ किया और उसे प्रज्ञा तथा वह वाक्-कौशल दिया जो पृथक्करण करता है।
وَشَدَدۡنَا مُلۡكَهُۥ وَءَاتَيۡنَٰهُ ٱلۡحِكۡمَةَ وَفَصۡلَ ٱلۡخِطَابِ
और क्या तुम्हें विरोधी पक्षों की सूचना पहुँची है, जब वे संपर्क-कक्ष में चढ़कर पहुँचे, जब उन्होंने दाऊद के यहाँ प्रवेश किया, जो उनसे सहम गया? उन्होंने कहा: “मत डरो;
۞ وَهَلۡ أَتَىٰكَ نَبَؤُاْ ٱلۡخَصۡمِ إِذۡ تَسَوَّرُواْ ٱلۡمِحۡرَابَ إِذۡ دَخَلُواْ عَلَىٰ دَاوُۥدَ فَفَزِعَ مِنۡهُمۡۖ قَالُواْ لَا تَخَفۡۖ
हम दो विरोधी पक्ष हैं, हममें से एक ने दूसरे पर ज़्यादती की है; अतः हमारे बीच सत्य के साथ निर्णय करो, बिना अतिरेक के,
خَصۡمَانِ بَغَىٰ بَعۡضُنَا عَلَىٰ بَعۡضٖ فَٱحۡكُم بَيۡنَنَا بِٱلۡحَقِّ وَلَا تُشۡطِطۡ
और हमें पथ के ठीक मध्य की ओर मार्ग दिखाओ।”
وَٱهۡدِنَآ إِلَىٰ سَوَآءِ ٱلصِّرَٰطِ
“यह मेरा भाई है; इसके पास निन्यानवे भेड़ें हैं, और मेरे पास एक ही भेड़ है। इसने कहा: ‘उसे मुझे सौंप दो’, और इसने वाक्-कौशल में मुझसे बाज़ी मार ली।”
إِنَّ هَٰذَآ أَخِي لَهُۥ تِسۡعٞ وَتِسۡعُونَ نَعۡجَةٗ وَلِي نَعۡجَةٞ وَٰحِدَةٞ فَقَالَ أَكۡفِلۡنِيهَا وَعَزَّنِي فِي ٱلۡخِطَابِ
उसने कहा: “उसने निश्चय ही तुम पर अन्याय किया है, तुम्हारी भेड़ को अपनी भेड़ों में जोड़ने के लिए उसे माँगकर;
قَالَ لَقَدۡ ظَلَمَكَ بِسُؤَالِ نَعۡجَتِكَ إِلَىٰ نِعَاجِهِۦۖ
और जो अपने मामले मिलाते हैं उनमें से बहुत से अवश्य एक-दूसरे पर ज़्यादतियाँ करते हैं, सिवा उनके जिन्होंने विश्वास किया और भले कर्म किए —
وَإِنَّ كَثِيرٗا مِّنَ ٱلۡخُلَطَآءِ لَيَبۡغِي بَعۡضُهُمۡ عَلَىٰ بَعۡضٍ إِلَّا ٱلَّذِينَ ءَامَنُواْ وَعَمِلُواْ ٱلصَّٰلِحَٰتِ
और वे बहुत थोड़े हैं।”
وَقَلِيلٞ مَّا هُمۡۗ
और दाऊद ने अनुमान लगाया कि हमने उसे परीक्षा में डाला है; उसने अपने अभिभावक से क्षमा माँगी, वह घुटने टेककर गिर पड़ा, और उसने उसका आसरा लिया।
وَظَنَّ دَاوُۥدُ أَنَّمَا فَتَنَّٰهُ فَٱسۡتَغۡفَرَ رَبَّهُۥ وَخَرَّۤ رَاكِعٗاۤ وَأَنَابَ۩
तो हमने उसे वह क्षमा कर दिया;
فَغَفَرۡنَا لَهُۥ ذَٰلِكَۖ
और उसके लिए हमारे पास अवश्य एक निकट का पद और पुनरागमन का एक सुंदर स्थान है।
وَإِنَّ لَهُۥ عِندَنَا لَزُلۡفَىٰ وَحُسۡنَ مَـَٔابٖ
“हे दाऊद, हमने तुम्हें धरती पर उत्तराधिकारी बनाया है; अतः लोगों के बीच सत्य के साथ निर्णय करो, और भावना का अनुसरण मत करो, जो तुम्हें ईश्वर की राह से भटका देगी,
يَٰدَاوُۥدُ إِنَّا جَعَلۡنَٰكَ خَلِيفَةٗ فِي ٱلۡأَرۡضِ فَٱحۡكُم بَيۡنَ ٱلنَّاسِ بِٱلۡحَقِّ وَلَا تَتَّبِعِ ٱلۡهَوَىٰ فَيُضِلَّكَ عَن سَبِيلِ ٱللَّهِۚ
क्योंकि जो ईश्वर की राह से भटकते हैं उनके लिए कठोर दंड है, इसलिए कि वे हिसाब के दिन को भूल गए।”
إِنَّ ٱلَّذِينَ يَضِلُّونَ عَن سَبِيلِ ٱللَّهِ لَهُمۡ عَذَابٞ شَدِيدُۢ بِمَا نَسُواْ يَوۡمَ ٱلۡحِسَابِ
हमने आकाश, धरती और जो उनके बीच है उसे व्यर्थ नहीं रचा।
وَمَا خَلَقۡنَا ٱلسَّمَآءَ وَٱلۡأَرۡضَ وَمَا بَيۡنَهُمَا بَٰطِلٗاۚ
यह नकारने वालों का अनुमान है;
ذَٰلِكَ ظَنُّ ٱلَّذِينَ كَفَرُواْۚ
अतः हाय नकारने वालों पर, आग के कारण!
فَوَيۡلٞ لِّلَّذِينَ كَفَرُواْ مِنَ ٱلنَّارِ
या फिर क्या हम उनके साथ, जिन्होंने विश्वास किया और भले कर्म किए, धरती पर बिगाड़ करने वालों जैसा व्यवहार करेंगे?
أَمۡ نَجۡعَلُ ٱلَّذِينَ ءَامَنُواْ وَعَمِلُواْ ٱلصَّٰلِحَٰتِ كَٱلۡمُفۡسِدِينَ فِي ٱلۡأَرۡضِ
या फिर क्या हम सावधानी बरतने वालों के साथ दुराचारियों जैसा व्यवहार करेंगे?
أَمۡ نَجۡعَلُ ٱلۡمُتَّقِينَ كَٱلۡفُجَّارِ
यह एक आशीषित ग्रंथ है जिसे हमने तुम्हारी ओर उतारा, ताकि वे उसके संकेतों पर मनन करें और मेधा रखने वाले स्मरण करें।
كِتَٰبٌ أَنزَلۡنَٰهُ إِلَيۡكَ مُبَٰرَكٞ لِّيَدَّبَّرُوٓاْ ءَايَٰتِهِۦ وَلِيَتَذَكَّرَ أُوْلُواْ ٱلۡأَلۡبَٰبِ
और हमने दाऊद को सुलैमान प्रदान किया —
وَوَهَبۡنَا لِدَاوُۥدَ سُلَيۡمَٰنَۚ
कितना उत्तम आज्ञाकारी,
نِعۡمَ ٱلۡعَبۡدُ
क्योंकि वह निरंतर पुनरागमन करता था!
إِنَّهُۥٓ أَوَّابٌ
जब शाम को उसके सामने खड़े हुए नस्ली घोड़े प्रस्तुत किए गए, तो उसने कहा: “मैंने निश्चय ही अपने अभिभावक के स्मरण से बढ़कर अच्छाई के प्रेम से प्रेम किया”, यहाँ तक कि वे पर्दे के पीछे ओझल हो गए।
إِذۡ عُرِضَ عَلَيۡهِ بِٱلۡعَشِيِّ ٱلصَّٰفِنَٰتُ ٱلۡجِيَادُ فَقَالَ إِنِّيٓ أَحۡبَبۡتُ حُبَّ ٱلۡخَيۡرِ عَن ذِكۡرِ رَبِّي حَتَّىٰ تَوَارَتۡ بِٱلۡحِجَابِ
“उन्हें मेरे पास वापस लाओ!” और वह उनकी टाँगों और गर्दनों को सहलाने लगा।
رُدُّوهَا عَلَيَّۖ فَطَفِقَ مَسۡحَۢا بِٱلسُّوقِ وَٱلۡأَعۡنَاقِ
और हमने निश्चय ही सुलैमान को परीक्षा में डाला: हमने उसके आसन पर एक शरीर फेंक दिया; फिर उसने हमारा आसरा लिया।
وَلَقَدۡ فَتَنَّا سُلَيۡمَٰنَ وَأَلۡقَيۡنَا عَلَىٰ كُرۡسِيِّهِۦ جَسَدٗا ثُمَّ أَنَابَ
उसने कहा: “मेरे अभिभावक, मुझे क्षमा कीजिए, और मुझे एक ऐसा राजत्व प्रदान कीजिए जो मेरे बाद किसी के लिए उचित न हो;
قَالَ رَبِّ ٱغۡفِرۡ لِي وَهَبۡ لِي مُلۡكٗا لَّا يَنۢبَغِي لِأَحَدٖ مِّنۢ بَعۡدِيٓۖ
क्योंकि आप ही प्रदाता हैं।”
إِنَّكَ أَنتَ ٱلۡوَهَّابُ
तब हमने उसके लिए हवा को वश में किया, जो उसके आदेश पर, धीरे-धीरे, वहाँ चलती थी जहाँ वह लक्ष्य करता था; और बहकाने वालों को भी, हर निर्माण करने वाले और गोताखोर को, और दूसरों को, जो बेड़ियों में एक साथ जकड़े हुए थे।
فَسَخَّرۡنَا لَهُ ٱلرِّيحَ تَجۡرِي بِأَمۡرِهِۦ رُخَآءً حَيۡثُ أَصَابَ وَٱلشَّيَٰطِينَ كُلَّ بَنَّآءٖ وَغَوَّاصٖ وَءَاخَرِينَ مُقَرَّنِينَ فِي ٱلۡأَصۡفَادِ
“यह हमारा अनुदान है: इसमें से कृपा करके दो या इसे रख लो, बिना कोई हिसाब दिए।”
هَٰذَا عَطَآؤُنَا فَٱمۡنُنۡ أَوۡ أَمۡسِكۡ بِغَيۡرِ حِسَابٖ
और उसके लिए हमारे पास अवश्य एक निकट का पद और पुनरागमन का एक सुंदर स्थान है।
وَإِنَّ لَهُۥ عِندَنَا لَزُلۡفَىٰ وَحُسۡنَ مَـَٔابٖ
और हमारे आज्ञाकारी अय्यूब का स्मरण करो, जब उसने अपने अभिभावक को पुकारा: “बहकाने वाले ने मुझे थकान और दंड से छुआ है।”
وَٱذۡكُرۡ عَبۡدَنَآ أَيُّوبَ إِذۡ نَادَىٰ رَبَّهُۥٓ أَنِّي مَسَّنِيَ ٱلشَّيۡطَٰنُ بِنُصۡبٖ وَعَذَابٍ
“अपने पैर से दौड़ो:
ٱرۡكُضۡ بِرِجۡلِكَۖ
यह नहाने और पीने के लिए शीतल जल है।”
هَٰذَا مُغۡتَسَلُۢ بَارِدٞ وَشَرَابٞ
और हमने उसे उसका परिवार प्रदान किया, और उनके साथ उतना ही और, अपनी ओर से दया के कारण, और मेधा रखने वालों के लिए स्मरण के रूप में।
وَوَهَبۡنَا لَهُۥٓ أَهۡلَهُۥ وَمِثۡلَهُم مَّعَهُمۡ رَحۡمَةٗ مِّنَّا وَذِكۡرَىٰ لِأُوْلِي ٱلۡأَلۡبَٰبِ
“और अपने हाथ में एक गुच्छा लो, उससे मारो, और अपनी शपथ भंग मत करो।”
وَخُذۡ بِيَدِكَ ضِغۡثٗا فَٱضۡرِب بِّهِۦ وَلَا تَحۡنَثۡۗ
हमने उसे धैर्यवान पाया,
إِنَّا وَجَدۡنَٰهُ صَابِرٗاۚ
कितना उत्तम आज्ञाकारी,
نِّعۡمَ ٱلۡعَبۡدُ
क्योंकि वह निरंतर पुनरागमन करता था!
إِنَّهُۥٓ أَوَّابٞ
और हमारे आज्ञाकारियों इब्राहीम, इसहाक़ और याक़ूब का स्मरण करो, जो बल और दूरदृष्टि वाले थे।
وَٱذۡكُرۡ عِبَٰدَنَآ إِبۡرَٰهِيمَ وَإِسۡحَٰقَ وَيَعۡقُوبَ أُوْلِي ٱلۡأَيۡدِي وَٱلۡأَبۡصَٰرِ
हमने उन्हें एक निर्मल चीज़ से निर्मल किया: उस ठिकाने का स्मरण।
إِنَّآ أَخۡلَصۡنَٰهُم بِخَالِصَةٖ ذِكۡرَى ٱلدَّارِ
और वे हमारे पास अवश्य चुने हुओं में से, सबसे बेहतर हैं।
وَإِنَّهُمۡ عِندَنَا لَمِنَ ٱلۡمُصۡطَفَيۡنَ ٱلۡأَخۡيَارِ
और इस्माईल, अल-यसअ और ज़ुल-किफ़्ल का स्मरण करो,
وَٱذۡكُرۡ إِسۡمَٰعِيلَ وَٱلۡيَسَعَ وَذَا ٱلۡكِفۡلِۖ
और उनमें से प्रत्येक सबसे बेहतर जनों में से है।
وَكُلّٞ مِّنَ ٱلۡأَخۡيَارِ
यह एक स्मरण है।
هَٰذَا ذِكۡرٞۚ
और सावधानी बरतने वालों के लिए अवश्य पुनरागमन का एक सुंदर स्थान है:
وَإِنَّ لِلۡمُتَّقِينَ لَحُسۡنَ مَـَٔابٖ
स्थायित्व के उद्यान, जिनके द्वार उनके लिए खोले जाएँगे, जहाँ वे टेक लगाए हुए भरपूर स्वाद और पेय माँगेंगे।
جَنَّٰتِ عَدۡنٖ مُّفَتَّحَةٗ لَّهُمُ ٱلۡأَبۡوَٰبُ مُتَّكِـِٔينَ فِيهَا يَدۡعُونَ فِيهَا بِفَٰكِهَةٖ كَثِيرَةٖ وَشَرَابٖ
और उनके पास, उनकी बगल में, संयमित पलकों वाली, उर्वर और एक ही कुल की साथिनें होंगी।
۞ وَعِندَهُمۡ قَٰصِرَٰتُ ٱلطَّرۡفِ أَتۡرَابٌ
यह वह है जिसका उनसे हिसाब के दिन के लिए वादा किया जाता है।
هَٰذَا مَا تُوعَدُونَ لِيَوۡمِ ٱلۡحِسَابِ
यह अवश्य हमारी जीविका है, जो समाप्त नहीं होती।
إِنَّ هَٰذَا لَرِزۡقُنَا مَا لَهُۥ مِن نَّفَادٍ
यही है। और जो हर मर्यादा से आगे निकल जाते हैं उनके लिए अवश्य पुनरागमन का सबसे बुरा स्थान है: जहन्नम, जहाँ वे जलेंगे,
هَٰذَاۚ وَإِنَّ لِلطَّٰغِينَ لَشَرَّ مَـَٔابٖ جَهَنَّمَ يَصۡلَوۡنَهَا
कितना भयानक बिछौना!
فَبِئۡسَ ٱلۡمِهَادُ
यह है: वे इसे चखें — खौलता पानी, एक दुर्गंधयुक्त द्रव, और इसी प्रकार की अन्य चीज़ें, जोड़ों में।
هَٰذَا فَلۡيَذُوقُوهُ حَمِيمٞ وَغَسَاقٞ وَءَاخَرُ مِن شَكۡلِهِۦٓ أَزۡوَٰجٌ
“यह एक भीड़ है जो तुम्हारे साथ धावा बोल रही है।”
هَٰذَا فَوۡجٞ مُّقۡتَحِمٞ مَّعَكُمۡ
“उनके लिए कोई अभिनंदन नहीं,
لَا مَرۡحَبَۢا بِهِمۡۚ
क्योंकि वे आग में जलेंगे!”
إِنَّهُمۡ صَالُواْ ٱلنَّارِ
वे कहेंगे: “नहीं, बल्कि तुम ही! तुम्हारे लिए कोई अभिनंदन नहीं! तुम्हीं ने इसे हमारे आगे बढ़ाया।
قَالُواْ بَلۡ أَنتُمۡ لَا مَرۡحَبَۢا بِكُمۡۖ أَنتُمۡ قَدَّمۡتُمُوهُ لَنَاۖ
कितना निकृष्ट विश्राम-स्थल है!”
فَبِئۡسَ ٱلۡقَرَارُ
वे कहेंगे: “हमारे अभिभावक, जिसने भी हमारे आगे यह बढ़ाया, उसके लिए आग में दोगुना दंड जोड़ दीजिए।”
قَالُواْ رَبَّنَا مَن قَدَّمَ لَنَا هَٰذَا فَزِدۡهُ عَذَابٗا ضِعۡفٗا فِي ٱلنَّارِ
और वे कहेंगे: “हमें क्या हुआ है कि हम उन पुरुषों को नहीं देखते जिन्हें हम बुरों में गिनते थे?
وَقَالُواْ مَا لَنَا لَا نَرَىٰ رِجَالٗا كُنَّا نَعُدُّهُم مِّنَ ٱلۡأَشۡرَارِ
क्या हमने उन्हें उपहास का विषय बना लिया था, या हमारी दृष्टियाँ उनसे हट गईं?”
أَتَّخَذۡنَٰهُمۡ سِخۡرِيًّا أَمۡ زَاغَتۡ عَنۡهُمُ ٱلۡأَبۡصَٰرُ
यह अवश्य सत्य है: आग वालों का झगड़ा ऐसा ही है।
إِنَّ ذَٰلِكَ لَحَقّٞ تَخَاصُمُ أَهۡلِ ٱلنَّارِ
कहो: “मैं तो केवल एक चेतावनी देने वाला हूँ,
قُلۡ إِنَّمَآ أَنَا۠ مُنذِرٞۖ
और ईश्वर के सिवा कोई देवता नहीं, एकमेव, वर्चस्वशाली,
وَمَا مِنۡ إِلَٰهٍ إِلَّا ٱللَّهُ ٱلۡوَٰحِدُ ٱلۡقَهَّارُ
आकाशों और धरती और उनके बीच जो कुछ है, उसका अभिभावक,
رَبُّ ٱلسَّمَٰوَٰتِ وَٱلۡأَرۡضِ وَمَا بَيۡنَهُمَا
सर्वशक्तिमान, महान क्षमाकर्ता।”
ٱلۡعَزِيزُ ٱلۡغَفَّٰرُ
कहो: “यह एक विशाल सूचना है, जिससे तुम कतराते हो:
قُلۡ هُوَ نَبَؤٌاْ عَظِيمٌ أَنتُمۡ عَنۡهُ مُعۡرِضُونَ
मुझे उच्च दरबार का कोई ज्ञान नहीं था, जब वह आपस में झगड़ता था;
مَا كَانَ لِي مِنۡ عِلۡمِۭ بِٱلۡمَلَإِ ٱلۡأَعۡلَىٰٓ إِذۡ يَخۡتَصِمُونَ
मुझ पर केवल यही प्रकट किया जाता है: कि मैं एक स्पष्ट चेतावनी देने वाला हूँ।”
إِن يُوحَىٰٓ إِلَيَّ إِلَّآ أَنَّمَآ أَنَا۠ نَذِيرٞ مُّبِينٌ
जब तुम्हारे अभिभावक ने अभिकर्ताओं से कहा: “मैं चिकनी मिट्टी से एक मानव रचने वाला हूँ; जब मैं उसे ढाल चुका होऊँ और उसमें अपने प्रवाह में से फूँक चुका होऊँ, तो उसके सामने झुक जाओ, माथा टेके हुए।”
إِذۡ قَالَ رَبُّكَ لِلۡمَلَٰٓئِكَةِ إِنِّي خَٰلِقُۢ بَشَرٗا مِّن طِينٖ فَإِذَا سَوَّيۡتُهُۥ وَنَفَخۡتُ فِيهِ مِن رُّوحِي فَقَعُواْ لَهُۥ سَٰجِدِينَ
तब अभिकर्ताओं ने माथा टेका, सब एक साथ, सिवा इब्लीस के: वह घमंड से फूल गया और नकारने वालों में से हो गया।
فَسَجَدَ ٱلۡمَلَٰٓئِكَةُ كُلُّهُمۡ أَجۡمَعُونَ إِلَّآ إِبۡلِيسَ ٱسۡتَكۡبَرَ وَكَانَ مِنَ ٱلۡكَٰفِرِينَ
उसने कहा: “हे इब्लीस, तुम्हें उसके सामने माथा टेकने से किस बात ने रोका जिसे मैंने अपने दोनों हाथों से रचा? क्या तुम घमंड से फूल गए, या तुम ऊँचों में से थे?”
قَالَ يَٰٓإِبۡلِيسُ مَا مَنَعَكَ أَن تَسۡجُدَ لِمَا خَلَقۡتُ بِيَدَيَّۖ أَسۡتَكۡبَرۡتَ أَمۡ كُنتَ مِنَ ٱلۡعَالِينَ
उसने कहा: “मैं उससे बेहतर हूँ: आपने मुझे आग से रचा, और उसे चिकनी मिट्टी से रचा।”
قَالَ أَنَا۠ خَيۡرٞ مِّنۡهُ خَلَقۡتَنِي مِن نَّارٖ وَخَلَقۡتَهُۥ مِن طِينٖ
उसने कहा: “तो यहाँ से निकल जाओ, क्योंकि तुम निष्कासित हो, और मेरा धिक्कार निश्चय ही तुम पर चुकौती के दिन तक है।”
قَالَ فَٱخۡرُجۡ مِنۡهَا فَإِنَّكَ رَجِيمٞ وَإِنَّ عَلَيۡكَ لَعۡنَتِيٓ إِلَىٰ يَوۡمِ ٱلدِّينِ
उसने कहा: “मेरे अभिभावक, तो मुझे उस दिन तक मोहलत दीजिए जब वे उठाए जाएँगे।”
قَالَ رَبِّ فَأَنظِرۡنِيٓ إِلَىٰ يَوۡمِ يُبۡعَثُونَ
उसने कहा: “तुम उनमें से हो जिन्हें मोहलत दी जाती है, ज्ञात क्षण के दिन तक।”
قَالَ فَإِنَّكَ مِنَ ٱلۡمُنظَرِينَ إِلَىٰ يَوۡمِ ٱلۡوَقۡتِ ٱلۡمَعۡلُومِ
उसने कहा: “आपकी शक्ति की शपथ, मैं उन सबको अवश्य दिशाहीन कर दूँगा, सिवा उनमें से आपके निर्मल किए हुए आज्ञाकारियों के।”
قَالَ فَبِعِزَّتِكَ لَأُغۡوِيَنَّهُمۡ أَجۡمَعِينَ إِلَّا عِبَادَكَ مِنۡهُمُ ٱلۡمُخۡلَصِينَ
उसने कहा: “तो यही सत्य है — और मैं सत्य कहता हूँ:
قَالَ فَٱلۡحَقُّ وَٱلۡحَقَّ أَقُولُ
मैं जहन्नम को तुमसे और उनमें से उन सबसे अवश्य भर दूँगा जिन्होंने तुम्हारा अनुसरण किया होगा।”
لَأَمۡلَأَنَّ جَهَنَّمَ مِنكَ وَمِمَّن تَبِعَكَ مِنۡهُمۡ أَجۡمَعِينَ
कहो: “मैं इसके लिए तुमसे कोई पुरस्कार नहीं माँगता, और मैं उनमें से नहीं हूँ जो अपने को वह बताते हैं जो वे नहीं हैं।
قُلۡ مَآ أَسۡـَٔلُكُمۡ عَلَيۡهِ مِنۡ أَجۡرٖ وَمَآ أَنَا۠ مِنَ ٱلۡمُتَكَلِّفِينَ
यह केवल सभी प्राणियों के लिए एक स्मरण है,
إِنۡ هُوَ إِلَّا ذِكۡرٞ لِّلۡعَٰلَمِينَ
और तुम उसकी सूचना को अवश्य जान लोगे, एक समय के बाद।”
وَلَتَعۡلَمُنَّ نَبَأَهُۥ بَعۡدَ حِينِۭ